Monday, February 09, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बाजार
  4. SEBI का मुकेश अंबानी की RIL के खिलाफ बड़ा फैसला, शेयरों में वायदा कारोबार करने से एक साल के लिये रोका

SEBI का मुकेश अंबानी की RIL के खिलाफ बड़ा फैसला, शेयरों में वायदा कारोबार करने से एक साल के लिये रोका

SEBI ने कथित तौर पर धोखाधड़ीपूर्ण कारोबार करने के 10 साल पुराने एक मामले में RIL और 12 अन्य पर शेयरों में डेरिवेटिव कारोबार करने पर एक साल की रोक लगा दी है।

Ankit Tyagi
Published : Mar 25, 2017 11:58 am IST, Updated : Mar 25, 2017 11:58 am IST
SEBI का मुकेश अंबानी की RIL के खिलाफ बड़ा फैसला, शेयरों में वायदा कारोबार करने से एक साल के लिये रोका- India TV Paisa
SEBI का मुकेश अंबानी की RIL के खिलाफ बड़ा फैसला, शेयरों में वायदा कारोबार करने से एक साल के लिये रोका

नई दिल्ली। पूंजी बाजार नियामक SEBI ने कथित तौर पर धोखाधड़ीपूर्ण कारोबार करने के दस साल पुराने एक मामले में मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज और 12 अन्य पर शेयरों में वायदा एवं विकल्प (डेरिवेटिव) कारोबार करने पर एक साल की रोक लगा दी है।

यह भी पढ़े: अगर नहीं चुकाए लोगों के पैसे तो सेबी निलाम करेगी ज्वैलरी और गोल्ड

RIL समेत इन 12 कंपनियों पर लगाई रोक

सेबी ने रिलायंस के अलावा जिन 12 अन्य कंपनियों को एक साल के लिये डेरिवेटिव कारोबार करने से रोका है उनमें गुजरात पेटकोक एण्ड पेट्रो प्राडक्ट्स सप्पलाई, आर्थिक कमर्शियल, एलपीजी इंफ्रास्ट्रक्चर इंडिया, रेलपोल प्लास्टिक प्राडक्ट्स, फाइन टेक कमर्शियल, पाइपलाइन इंफ्रास्ट्रक्चर इंडिया, मोटेक साफ्टवेयर, दर्शन सिक्युरिटीज, रिलाजिस्टिक्स (इंडिया), रिलाजिस्टिक्स (राजस्थान), विनामारा यूनिवर्सल ट्रेडर्स और धरती इन्वेस्टमेंट एण्ड होल्डिंग्स शामिल है।

यह भी पढ़े: सस्ते क्रूड ऑयल से भरेगी इन कंपनियों की जेब, शॉर्ट टर्म में अब ये शेयर कराएंगे मोटी कमाई

सेबी का आदेश

रिलायंस इंडस्ट्रीज को सेबी ने इस मामले में 447 करोड़ रुपए की मूल राशि और उस पर 29 नवंबर 2007 से अब तक 12 फीसदी की दर से ब्याज का भुगतान करने को कहा गया है। इस हिसाब से कंपनी को कुल करीब 1,000 करोड़ रुपए का भुगतान करना होगा।

यह भी पढ़े: 3 दिन में इन विदेशी निवेशकों ने खरीदे 7 हजार करोड़ से ज्यादा के ये शेयर, जानिए अब कहां हैं मौके   

सेबी के इस आदेश को चुनौती देगी RIL

भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने इसके साथ ही मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज को करीब 1,000 करोड़ रुपए के भुगतान करने का भी आदेश दिया है। हालांकि, कंपनी के प्रवक्ता ने कहा है कि वह सेबी के इस आदेश को चुनौती देंगे।

यह भी पढ़े: ये हैं 5 मालामाल करने वाले शेयर, छोटी अवधि में 100 फीसदी तक के मुनाफे की उम्मीद

क्या है मामला

यह मामला रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की सब्सिडियरी कंपनी रिलायंस पेट्रोलियम से जुड़ा है। रिलायंस पेट्रोलियम अब अस्तित्व में नहीं है। मामला रिलायंस पेट्रोलियम के शेयरों में वायदा एवं विकल्प (एफ एण्ड ओ) वर्ग में कथित तौर पर धोखाधड़ीपूर्ण कारोबार करने से जुड़ा है।

सेबी के पूर्णकालिक सदस्य जी महालिंगम द्वारा जारी 54 पन्ने के आदेश में रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) और 12 अन्य इकाइयों को प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष तरीके से शेयर बाजारों में एक साल तक वायदा एवं विकल्प कारोबार करने से रोक लगा दी गई है।

Latest Business News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Market से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा

Advertisement
Advertisement
Advertisement