पिछले हफ्ते इक्विटी मार्केट में मंदी देखने को मिली, जिसकी वजह से सेंसेक्स की टॉप-10 में से 8 कंपनियों के मार्केट कैप में 79,129.21 करोड़ रुपये की गिरावट दर्ज की गई। जबकि, 2 कंपनियों का मार्केट कैप करोड़ रुपये बढ़ गया। इस दौरान, बजाज फाइनेंस और आईसीआईसीआई बैंक को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ। इनके अलावा, एचडीएफसी बैंक, भारती एयरटेल, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS), भारतीय स्टेट बैंक, इंफोसिस और भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) का मार्केट कैप भी गिरा। इस दौरान सिर्फ 2 कंपनियों- रिलायंस इंडस्ट्रीज और लार्सन एंड टुब्रो का मार्केट कैप बढ़ गया।
बजाज फाइनेंस के मार्केट कैप में 19,289.7 करोड़ रुपये की गिरावट
पिछले हफ्ते, बीएसई का बेंचमार्क इंडेक्स 444.71 अंकों (0.51) प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ था। बजाज फाइनेंस के मार्केट कैप में सबसे ज्यादा 19,289.7 करोड़ रुपये की गिरावट आई, जिससे ये घटकर 6,33,106.69 करोड़ रुपये पर आ गया। ICICI Bank की वैल्यूएशन 18,516.31 करोड़ रुपये घटकर 9,76,668.15 करोड़ रुपये हो गई। भारती एयरटेल का मार्केट कैप 13,884.63 करोड़ रुपये घटकर 11,87,948.11 करोड़ रुपये और भारतीय स्टेट बैंक का मार्केट कैप 7,846.02 करोड़ रुपये घटकर 8,88,816.17 करोड़ रुपये हो गया।
इंफोसिस और टीसीएस को भी नुकसान
इंफोसिस की मार्केट वैल्यूएशन 7145.95 करोड़ रुपये घटकर 6,64,220.58 करोड़ रुपये हो गई। टीसीएस का मार्केट कैप 6783.92 करोड़ रुपये घटकर 11,65,078.45 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। एचडीएफसी बैंक का मार्केट कैप 4460.93 करोड़ रुपये घटकर 15,38,558.71 करोड़ रुपये हो गया। एलआईसी की वैल्यूएशन 1201.75 करोड़ रुपये घटकर 5,48,820.05 करोड़ रुपये हो गई।
रिलायंस और एलएंडटी के मार्केट कैप में उछाल
वहीं दूसरी ओर, रिलायंस इंडस्ट्रीज का मार्केट कैप 20,434.03 करोड़ रुपये बढ़कर 21,05,652.74 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इसके अलावा, लार्सन एंड टुब्रो का मार्केट कैप भी 4910.82 करोड़ की तेजी के साथ 5,60,370.38 करोड़ रुपये हो गया। बताते चलें कि जब किसी कंपनी का मार्केट कैप गिरता है तो उसके निवेशकों को नुकसान होता है। इसी तरह, जब किसी कंपनी का मार्केट कैप बढ़ता है तो इसके निवेशकों को फायदा होता है।



































