सुप्रीम कोर्ट ने यह भी माना कि मौजूदा वेतन सीमा आज की आर्थिक परिस्थितियों और बढ़ती सैलरी संरचना के मुताबिक नहीं है। ईपीएफओ की एक समिति पहले ही सिफारिश कर चुकी है और अब इस पर अंतिम फैसला लेने के लिए सिर्फ केंद्र सरकार की मंजूरी का इंतजार है।
कर्मचारियों को दिया जाने वाला महंगाई भत्ता और महंगाई राहत, उनकी बेसिक सैलरी के हिसाब से दिया जाता है।
DA Increment Today: आमतौर पर सरकार एक साल में दो बार केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते की समीक्षा करती है, जिसके तहत डीए में बढ़ोतरी को लेकर फैसला करती है। दिवाली से ठीक पहले सरकार ने अपने कर्मचारियों को जबरदस्त तोहफा दिया है।
इस बात पर खास जोर दिया गया है कि पीपीओ में ई-पीपीओ भी शामिल होना चाहिए, ताकि पेंशन प्रक्रिया में डिजिटलीकरण को और बढ़ावा मिल सके।
केंद्र सरकार ने कहा है कि महाराष्ट्र के सभी सरकारी कर्मचारियों (केंद्रीय) को अगस्त, 2025 की सैलरी गणपति उत्सव यानी गणेश चतुर्थी से पहले ही जारी कर दी जाएगी।
8वां वेतन आयोग लागू होने पर केंद्र सरकार के सभी विभागों में काम करने वाले तमाम कर्मचारियों की सैलरी बढ़ जाएगी।
सरकार का मानना है कि ऐप पर बैन से युवाओं को गलत दिशा में जाने से रोका जा सकेगा और समाज पर इसके दुष्प्रभावों को कम किया जा सकेगा। राजस्थान के कोटा-बूंदी में ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट के निर्माण को भी मंजूरी मिल गई है।
8वें वेतन आयोग को लेकर कर्मचारियों की उम्मीदें अभी भी बनी हुई हैं। अगर सब कुछ तय समय पर हुआ, तो कर्मचारियों को 2026 से संशोधित वेतन और एरियर दोनों मिल सकते हैं।
DA हाइक पर अच्छी खबर है। केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों के लिए जल्द ही डीए बढ़ोतरी का ऐलान कर सकती है।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि यूपीएस के तहत आने वाले केंद्र सरकार के कर्मचारी अब केंद्रीय सिविल सेवा (एनपीएस के तहत ग्रैच्युटी का भुगतान) नियम, 2021 के प्रावधानों के अनुरूप सेवानिवृत्ति और मृत्यु ग्रैच्युटी लाभ के लिए पात्र होंगे।
केंद्रीय कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है। अब उनको सीजीएस कार्ड के लिए भटकना नहीं होगा। उनको आसानी से यह कार्ड बिना किसी परेशानी के मिल जाएगा।
केंद्र ने सरकारी कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते को 53 प्रतिशत से बढ़ाकर 55 प्रतिशत करने का फैसला किया है। सरकार ने महंगाई को ध्यान में रखते हुए अपने कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए ये एक बड़ा कदम उठाया है। बताते चलें कि महंगाई भत्ते का भुगतान, कर्मचारियों की बेसिक सैलरी पर किया जाता है।
सरकार ने मौजूदा महंगाई को ध्यान में रखते हुए कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में इस बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। केंद्र सरकार के इस फैसले से देशभर के करीब 48.66 लाख सरकारी कर्मचारियों और 66.55 लाख पेंशनभोगियों को फायदा होगा। इस नए बदलाव के साथ कर्मचारियों को मिलने वाला महंगाई भत्ता 53 फीसदी से बढ़कर 55 फीसदी हो जाएगा।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में अगले वित्त वर्ष में राजस्व की कमी को पूरा करने के लिए लॉन्ग टर्म सिक्यॉरिटीज जारी कर 14.82 लाख करोड़ रुपये उधार लेने का प्रस्ताव किया है। वित्त वर्ष 2025-26 में राजकोषीय घाटा, जीडीपी के 4.4 प्रतिशत पर रहने का अनुमान है।
8वें वेतन आयोग की घोषणा ऐसे समय में की गई है जब केंद्र सरकार के कर्मचारियों को दिया जाने वाला महंगाई भत्ता उनकी बेसिक सैलरी के 50% से ज्यादा हो गया है। फिलहाल, सरकारी कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों के तहत सैलरी और पेंशन मिल रही है। 7वें वेतन आयोग की सिफारिशें 1 जनवरी, 2016 से लागू हैं।
यह बोनस केंद्रीय अर्धसैनिक बलों और सशस्त्र बलों के कर्मियों के साथ-साथ केंद्र सरकार के वेतन ढांचे का पालन करने वाले केंद्र शासित प्रदेशों के कर्मचारियों पर भी लागू होगा।
सरकार ने आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (आईपीओ) के जरिये एलआईसी में 22.13 करोड़ से अधिक शेयर यानी 3.5 प्रतिशत हिस्सेदारी बेची थी। कंपनी में फिलहाल सरकार की 96.5 प्रतिशत की हिस्सेदारी है।
लाखों केंद्रीय कर्मचारियों (Central Government Employees) को इस फैसले से फायदा होने वाला है। उनकी सैलरी में इजाफा हो जाएग।
बोनस का भुगतान केंद्रीय अर्धसैनिक बलों और सशस्त्र बलों के पात्र कर्मचारियों को भी मिलेगा। बोनस (Diwali bonus) अमाउंट ऐसे कर्मचारियों को दिवाली से पहले मिल जाएगा।
देश के कई राज्य सरकारों ने अपने कर्मचारियों को महंगाई भत्ते में इजाफा कर दिया है। छत्तीसगढ़ में इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस सरकार ने राज्य के कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) में पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी किया था।
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