आर. सी. भार्गव के अनुसार, भारत को अमेरिकी टैरिफ नीति का एकजुट होकर जवाब देना चाहिए, साथ ही सरकार की कर सुधार नीतियों से उपभोक्ता और उद्योग दोनों को दीर्घकालिक लाभ मिलने की संभावना है।
हरियाणा के खरखौदा में शुरू होने वाला ये प्लांट 2025-26 तक उत्पादन शुरू करने के लिए तैयार है। कंपनी की एनुअल जनरल मीटिंग में शेयरधारकों को संबोधित करते हुए भार्गव ने मारुति सुजुकी के इस भरोसे को भी दोहराया कि भारत की आर्थिक और सामाजिक परिस्थितियों के लिए सस्ती और छोटी कारें बहुत जरूरी हैं।
सरकार द्वारा चलाई जाने वाली कंपनियां कुशल नहीं हैं। उनके पास उत्पादकता नहीं है। वे मुनाफा पैदा नहीं करती हैं।
भारत में सबसे अधिक गाड़ी बेचने वाली कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया के चेयरमैन आर सी भार्गव ने भारत एवं जापान (India and Japan) के बीच की साझेदारी को सफल बताया है।
वर्तमान में सरकार का ध्यान दो-पहिया क्षेत्र के इलेक्ट्रिफिकेशन पर है, जहां हीरो इलेक्ट्रिक और ओला सहित कई अन्य कंपनियां इस पर काम कर रही हैं।
सीएएफई लक्ष्यों को पूरा करने की दिशा में ऑटो निर्माता कंपनियों को एक प्रभावी पावरट्रेन विकल्प की तलाश करनी होगी, जिसके लिए अतिरिक्त निवेश की आवश्यकता होगी।
यदि हम तीसरी लहर को रोक सकते हैं या उसके प्रभाव को उल्लेखनीय रूप से कम कर सकते हैं, तो आर्थिक गतिविधियां सुधरेंगी और कारों की बिक्री में पिछले साल की तुलना में उल्लेखनीय सुधार होगा।
यदि डीजल वाहनों की मांग आती है तो कंपनी फिर से डीजल वाहन उतारने पर विचार कर सकती है।
‘लंबे समय तक आयात करना वास्तव में किसी के व्यावसायिक हित में नहीं’
मारुति सुजुकी इंडिया के चेयरमैन आर सी भार्गव ने मंगलवार को कहा कि यदि राज्य सरकारें विनिर्माण क्षेत्र को आगे बढ़ाने में अपनी भूमिका को सही तरीके से नहीं निभातीं हैं तो नरेंद्र मोदी सरकार का अगले पांच साल में अर्थव्यवस्था को 5,000 अरब डॉलर पर पहुंचाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य पटरी से उतर सकता है।
कार बनाने वाली देश की सबसे बड़ी कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया ने विद्युत-वाहनों के साथ ही हाइब्रिड और सीएनजी कारों के लिये भी कर में छूट देने की मांग की है। कंपनी का कहना है कि इससे देश में आवागमन की कम प्रदूषणकारी प्रणालियों को बढ़ावा मिलेगा।
मारुति सुजुकि इंडिया का शुद्ध मुनाफा वित्त वर्ष 2018-19 की चौथी तिमाही में 4.6 प्रतिशत घटकर 1795.6 करोड़ रुपए रहा है।
वाहन क्षेत्र की प्रमुख कंपनी मारुति एस-क्रॉस, सियाज, विटारा ब्रेजा, डिजायर, बलेनो और स्विफ्ट सहित डीजल इंजन से लैस कई मॉडलों की बिक्री करती है।
फिलहाल कंपनी अपने मौजूदा मॉडलों को अपग्रेड कर रही है। इन मॉडलों में जून तक एयरबैग, सीट बेल्ट रिमाइंडर, रिवर्स पार्किंग सेंसर जैसी चीजें जोड़ी जाएंगी
देश की सबसे बड़ी कार कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया का अनुमान है कि अब चालू वित्त वर्ष में उसकी बिक्री वृद्धि दोहरे अंक में रहने की बजाये मात्र आठ प्रतिशत रहेगी।
मारुति सुजुकी इंडिया (एमएसआई) अपनी जापान की मूल कंपनी सुजुकी मोटर कॉर्प को 2025 तक रायल्टी रुपए में दे सकती है। इससे सालाना व्यय कम होगा।
देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया (एमएसआई) ने चालू वित्त वर्ष में पूंजीगत व्यय के लिए 4500 करोड़ रुपए की राशि तय की है।
आरसी भार्गव ने आज कहा कि छोटी कार Tata Nano सिर्फ एक या दो वजह से असफल नहीं रही, बल्कि यह पूरी तरह ग्राहकों की आकांक्षाओं को पूरा नहीं कर पाई।
आर सी भार्गव ने कहा है कि वायु प्रदूषण को लेकर डीजल वाहनों को मुख्य रूप से निशाना बनाए जाने से निवेशकों का भरोसा कम हो रहा है और ग्राहक दुविधा में हैं।
मारुति सुजुकी के चेयरमैन ने कहा, दिल्ली में 10 साल पुराने डीजल वाहनों पर प्रतिबंध से उद्योग पर निश्चित रूप से बुरा प्रभाव पड़ेगा लेकिन हवा का पता नहीं।
लेटेस्ट न्यूज़