Surya Gochar 2025 In Mesh Rashi: 13 अप्रैल को देर रात 3 बजकर 21 मिनट पर सूर्य देव मीन राशि से निकलकर मेष राशि में प्रवेश करेंगे। इसके बाद सूर्य 14 मई की रात 12 बजकर 11 मिनट तक मेष राशि में ही गोचर करते रहेंगे, उसके बाद वृष राशि में प्रवेश कर जाएंगे। सूर्य के मीन से मेष राशि में प्रवेश करने के साथ ही सूर्यदेव का राशियों में गोचर का एक चक्र भी पूरा हो जाएगा। दरअसल आपको बता दें कि लगभग 30 दिनों के अंतराल पर सूर्य देव एक-एक करके सभी बारह राशियों में गोचर करते हैं। ये चक्र मेष राशि से शुरू होकर मीन राशि तक चलता है और फिर मेष राशि से दोबारा शुरू हो जाता है। लिहाजा आज से सूर्य का राशि चक्र फिर से शुरू हो जाएगा। साथ ही सूर्य देव के मेष राशि में प्रवेश करने से मीन खरमास भी समाप्त हो जाएगा और बीते एक महीने से जो शादी-ब्याह आदि शुभ कार्य बंद थे, वो भी फिर से शुरू हो जाएंगे।
बता दें कि 14 मई तक सूर्य देव के मेष राशि में गोचर से विभिन्न राशियों पर अलग-अलग प्रभाव देखने को मिलेंगे। तो आचार्य इंदु प्रकाश से जानिए कि सूर्य के इस गोचर का किस राशि वालों पर क्या असर होगा। साथ ही जानिए कि सूर्य देव आपके किस स्थान पर गोचर करेंगे और उस स्थिति में शुभ फल सुनिश्चित करने के लिये और अशुभ फलों से बचने के लिए आपको क्या उपाय करने चाहिए।
मेष राशि
सूर्य आपके पहले, यानि लग्न स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में लग्न स्थान का संबंध हमारे शरीर और मुख से है। सूर्य के इस गोचर से आपको हर तरह का सुख मिलेगा। आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। आप अपनी सूझ-बूझ से अपनी स्थिति को और भी बेहतर बनाने में सफल होंगे। इस दौरान आप शारीरिक रूप से फिट रहेंगे और बिजनेस संबंधी यात्राओं में आपको लाभ मिलेगा। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए इस दौरान स्नान के बाद सूर्य देव को जल अर्पित करें।
वृष राशि
सूर्य आपके बारहवें घर में प्रवेश करेंगे। जन्मपत्रिका का बारहवां स्थान शैय्या सुख और व्यय से संबंध रखता है। लिहाजा सूर्य के इस गोचर से आपको शैय्या सुख मिलेगा। आपका गृहस्थ जीवन सुखी होगा और धर्म में आपकी रुचि बढ़ेगी। साथ ही आपके किसी न किसी कार्य में पैसे खर्च होते रहेंगे। दस्तकारी या मशीन संबंधी कार्य करने वालों को इस दौरान ज्यादा संभलकर पैसा खर्च करने की जरूरत है। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए धार्मिक कार्यों में आर्थिक या शारीरिक रूप से अपना सहयोग देते रहें।
मिथुन राशि
सूर्य आपके ग्यारहवें घर में गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका के ग्यारहवें स्थान का संबंध हमारे आय और इच्छाओं की पूर्ति से होता है। सूर्य के इस गोचर से आपकी आमदनी में बढ़ोतरी होगी। साथ ही आपकी इच्छाओं की पूर्ति होगी और आपको उत्तम फलों की प्राप्ति होगी। अतः सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए रविवार के दिन रात को अपने सिरहाने पर 5 मूली रखकर सोएं और सुबह उठकर किसी मंदिर या धर्मस्थल पर दान कर दें।
कर्क राशि
सूर्य आपके दसवें स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में दसवें स्थान का संबंध आपके करियर और पिता से है। सूर्य देव के इस गोचर के प्रभाव से आपको करियर में नई कामयाबी मिलेगी। काम के प्रति आपकी मेहनत सफल होगी। साथ ही आपके पिता की बेहतरी सुनिश्चित होगी और पिता के साथ आपके रिश्ते अच्छे होंगे। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए अगले 30 दिनों तक काले या नीले रंग के कपड़े पहनने से बचें।
सिंह राशि
सूर्य आपके नवें घर में गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में नवें स्थान का संबंध आपके भाग्य से है। सूर्य के इस गोचर से आपको भाग्य का पूरा सहयोग मिलेगा और आपकी सेहत भी अच्छी रहेगी। हालांकि इस दौरान भाईयों से आपको अधिक सहयोग नहीं मिल पायेगा। लिहाजा सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए घर में पीतल के बर्तनों का इस्तेमाल करें।
कन्या राशि
सूर्य आपके आठवें स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका का आठवां स्थान स्वास्थ्य से संबंध रखता है। सूर्य के इस गोचर से आपको आने वाले 30 दिनों तक अपनी सेहत का ख्याल रखने की जरूरत है। साथ ही अपने कार्यों को पूरा करने के लिए आपको धैर्य बनाये रखना चाहिए और गुस्सा अवॉयड करना चाहिए। लिहाजा सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए और शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए बड़े भाई या बड़े भाई जैसे किसी और को, जब भी आपकी जरूरत पड़े, तो उनकी मदद जरूर करें।
तुला राशि
सूर्य आपके सातवें स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में सातवें स्थान का संबंध जीवनसाथी से होता है। लिहाजा सूर्य के इस गोचर से आपको जीवनसाथी से पूरा सहयोग मिलेगा। साथ ही आपके जीवनसाथी की
तरक्की सुनिश्चित होगी। अतः सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए खाना खाते समय अपने भोजन में से रोटी का एक हिस्सा निकालकर ऑफिस या स्कूल-कॉलेज में अपने किसी सहयोगी को खिलाएं।
वृश्चिक राशि
सूर्य आपके छठे स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका के छठे स्थान का संबंध हमारे मित्र, शत्रु और स्वास्थ्य से है। अतः आने वाले दिनों में आपके मित्रों की संख्या में वृद्धि होगी परन्तु आपको अपने शत्रुओं से संभलकर रहने की भी जरूरत है। साथ ही संतान के प्रति आपका नम्र स्वभाव आपकी तरक्की सुनिश्चित करायेगा। लिहाजा सूर्य के शुभ फल बनाये रखने के लिए कुत्ते को रोटी खिलाएं।
धनु राशि
सूर्य आपके पांचवें घर में गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में पांचवें स्थान का संबंध विद्या, गुरु, विवेक, रोमांस और संतान से है। सूर्य के इस गोचर से आपको हर जगह मान-सम्मान मिलेगा। विद्या का लाभ मिलेगा और संतान का सुख मिलेगा। साथ ही आपके दांपत्य रिश्ते में मधुरता आयेगी। लिहाजा सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए इस दौरान गाय को रोटी खिलाएं।
मकर राशि
सूर्य आपके चौथे स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में चौथे स्थान का संबंध भूमि, भवन, वाहन और माता से है। सूर्य के इस गोचर से आपको पद, भूमि, भवन, वाहन और निरंतर रूप से धन लाभ मिलेगा। साथ ही आपकी संतान को भी आर्थिक रूप से फायदा होगा। इसके अलावा आपकी सेहत अच्छी रहेगी और आप अपने कामों को अधिक बुद्धिमत्ता से पूरा कर पाएंगे। लिहाजा सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए जरूरतमंद लोगों को यथाशक्ति भोजन कराएं और संभव हो तो भोजन में कुछ न कुछ मीठा जरूर खिलाएं।
कुंभ राशि
सूर्य देव आपके तीसरे स्थान में गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में तीसरे स्थान का संबंध आपके भाई-बहनों और आपकी अभिव्यक्ति से है। सूर्य देव के इस गोचर के प्रभाव से भाई-बहनों के साथ आपने रिश्ते बनाये रखने में आपको संघर्ष करना पड़ेगा। इस दौरान आपको किसी से भी कोई बात करते समय अपने हाव-भाव, यानि एक्सप्रेशन पर भी थोड़ा ध्यान देना चाहिए। लिहाजा सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए मंदिर में जाकर सेवा कार्य करें।
मीन राशि
सूर्य आपके दूसरे स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में दूसरे स्थान का संबंध सीधे-सीधे आपके स्वभाव और धन से है। सूर्य के इस गोचर से आपको मेहनत के अनुरूप धन प्राप्त होगा। साथ ही आपकी योग्यता आपके कार्यों को सफल बनाने में मदद करेगी। लिहाजा सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए कोई ऐसी मिठाई मंदिर या धर्मस्थल पर दान करें, जिसमें बादाम पड़ा हो।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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