जोहानिसबर्ग: कप्तान फाफ डु प्लेसिस ने अंगूठे में चोट लगने के बावजूद आक्रामक शतकीय पारी खेली जबकि गेंदबाजों ने भी उम्दा प्रदर्शन किया जिससे साउथ अफ्रीका ने ऑस्ट्रेलिया को दूसरे वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट मैच में 142 रन से रौंदकर 5 मैचों की सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली। इसके साथ ही डु प्लेसिस वनडे, टेस्ट और टी20 तीनों फॉर्मेट्स में सेंचुरी मारने वाले दिलशान के बाद दूसरे कप्तान बने।
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डु प्लेसिस ने 93 गेंद में 11 चौकों की मदद से 111 रन की पारी खेली जबकि सलामी बल्लेबाज रिली रोसेयू (75) और जेपी डुमिनी (82) ने भी अर्धशतक जड़े जिससे साउथ अफ्रीका ने 6 विकेट पर 361 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। डु प्लेसिस ने डुमिनी के साथ तीसरे विकेट के लिए 150 रन की साझेदारी भी की।
इसके जवाब में ऑस्ट्रेलिया की टीम वेन पार्नेल (40 रन पर 3 विकेट), कागिसो रबाडा (31 रन पर 2 विकेट) और एंडिले पेहलुकवायो (59 रन पर 2 विकेट) की उम्दा गेंदबाजी के सामने 37.4 ओवर में 219 रन पर ढेर हो गई और उसे साउथ अफ्रीका के खिलाफ अपनी दूसरी सबसे बड़ी हार का सामना करना पड़ा। ऑस्ट्रेलिया की ओर से ट्रेविस हेड (51) और सलामी बल्लेबाज डेविड वॉर्नर (50) ने अर्धशतक जड़े लेकिन टीम का कोई बल्लेबाजी बड़ी पारी नहीं खेला पाया जिसका खामियाजा मेहमान टीम को भुगतना पड़ा।
इससे पहले साउथ अफ्रीका के कप्तान डु प्लेसिस जब अपना पहला रन ले रहे थे जो आरोन फिंच का थ्रो उनके बाएं हाथ के अंगूठे पर लगा और इसके बाद उन्हें मैदान पर ही लंबा इलाज कराना पड़ा। डु प्लेसिस ने हालांकि पारी आगे बढ़ाई और आक्रमाक रूख अपनाते हुए 42 गेंद में अर्धशतक और फिर 84 गेंद में छठी वनडे सेंचुरी पूरी की। वह मिशेल मार्श की गेंद पर बाउंड्री पर कैच देकर पवेलियन लौटे।
क्विंटन डि कॉक (22)और रोसेयू ने पहले 5 ओवर में 41 रन जोड़कर साउथ अफ्रीका को अच्छी शुरूआत दिलाई। जॉन हास्टिंग्स ने डि कॉक को आउट करके इस साझेदारी को तोड़ा। रोसेयू भी लगातार दूसरा अर्धशतक पूरा करने के बाद हास्टिंग का शिकार बने। उन्हौंने 81 गेंद का सामना करते हुए 10 चौके मारे। डु प्लेसिस और डुमिनी ने इसके बाद पारी को संभाला। दोनों ने 111 गेंद में 150 रन जोड़कर टीम को मजबूत स्कोर की ओर बढ़ाया। डुमिनी ने 58 गेंद की अपनी पारी में 10 चौके और तीन छक्के मारे।