विशाखापत्तनम: दूसरे मैच में एकतरफा जीत से आत्मविश्वास से भरी भारतीय टीम आज यहां तीसरे और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में श्रीलंका को हराकर लगातार दूसरी जीत के साथ लय बरकरार रखने और श्रृंखला जीतने के इरादे से उतरेगी। भारत को पुणे में पहले टी20 मैच में शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा था लेकिन भारत ने रांची में वापसी करते हुए 69 रन की जीत के साथ श्रृंखला 1-1 से बराबर कर दी। पुणे में भारतीय बल्लेबाज़ों को हरियाली पिच पर खेलने में परेशानी हुई थी लेकिन रांची की धीमी पिच पर उन्होंने काफी अच्छी तरह सामंजस्य बैठाया।
गेंदबाज़ भी पूरी तरह से नियंत्रण में दिखे और उन्होंने श्रीलंका के बल्लेबाज़ों को कभी दबदबा नहीं बनाने दिया। महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी भी प्रभावी दिखी और उनके प्रयोग सफल रहे फिर चाहे यह बल्लेबाजी क्रम में फेरबदल हो या गेंदबाजी में बदलाव।
धोनी के प्रयोग सफल साबित हो रहे हैं
शिखर धवन और रोहित शर्मा की सलामी जोड़ी ने भारत को तूफानी शुरूआत दिलाई जिसने धोनी को बल्लेबाजी क्रम में प्रयोग करने का मौका दिया।
धोनी ने हार्दिक पांड्या को अपने और युवराज सिंह से पहले बल्लेबाज़ी के लिए भेजा और उन्होंने कुछ बड़े शाट लगाकर इस फैसले को सही साबित किया। पांड्या को आस्ट्रेलिया में अपनी बल्लेबाज़ी का जलवा दिखाने का मौका नहीं मिला था लेकिन कल रात रांची में वह छाप छोड़ने में सफल रहे।
सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे युवराज को हालांकि पर्याप्त समय नहीं मिला और वह पहली गेंद पर ही खाता खोले बिना पवेलियन लौट गए। बायें हाथ के इस बल्लेबाज को अगर अगले महीने शुरू हो रहे विश्व टी20 से पहले क्रीज पर समय बिताने का मौका मिलता है तो उनके लिए बेहतर रहेगा।
धोनी ने भी स्वीकार किया है कि युवराज को बल्लेबाजी क्रम में उपर भेजना मुश्किल है क्योंकि शीर्ष चार बल्लेबाज शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन उन्होंने बायें हाथ के इस बल्लेबाज को अधिक मौके देने की इच्छा जताई।
धवन का फ़ार्म में लौटना शुभ संकेत, पांडे को मिल सकता है मौक़ा
धवन कल रात शानदार लय में दिखे और उन्होंने बल्लेबाजी को आसान बना दिया। अब तक सिर्फ रोहित ही विरोधी गेंदबाजों को शुरूआत में परेशान कर रहे थे लेकिन धवन के भी फार्म में लौटने से भारतीय बल्लेबाज़ी अधिक मज़बूत नजर आ रही है।
अजिंक्य रहाणे को हालांकि थोड़ा संघर्ष करना पड़ा और ऐसे में धोनी निर्णायक टी20 में कल उनकी जगह युवा मनीष पांडे को मौका दे सकते हैं। कप्तान धोनी हालांकि विजयी टीम में बदलाव करने के बड़े समर्थक नहीं हैं।
गेंदबाज़ी में शानदार रणनीति
धोनी ने धीमे विकेट को काफी अच्छी तरह परखा और गेंदबाज़ी में शानदार रणनीति अपनाई। भारतीय कप्तान ने रविचंद्रन अश्विन से गेंदबाज़ी आक्रमण की शुरूआत कराई और बीच में ओवरों में सभी उपलब्ध स्पिन गेंदबाजी विकल्पों का इस्तेमाल किया। उन्होंने तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को 16वें ओवर में गेंदबाजी के लिए बुलाया।
आशीष नेहरा और बुमराह दोनों ने शानदार प्रदर्शन किया लेकिन यहां तटीय शहर में भुवनेश्वर कुमार के अधिक प्रभावी रहने की उम्मीद है क्योंकि हालात शाम को स्विंग गेंदबाज़ी के अनुकूल हो सकते हैं।
विकेट के पीछे धोनी की धमक
कप्तान धोनी ने भी विकेट के पीछे शानदार प्रदर्शन किया और दो स्टंपिंग की। कासुन रजीथा, दुष्मंता चमीरा और दासुन शनाका की श्रीलंका की तिकड़ी पुणे में भारतीय बल्लेबाजों पर कहर बनकर टूटी थी लेकिन रांची में मेज़बान बल्लेबाज़ों ने इन पर आसानी से रन बटोरे और कल के मैच में भी उन्हें राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। श्रीलंका की ओर से तिसारा परेरा ने हैट्रिक बनाई लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।
श्रीलंका को उम्मीद होगी कि उसके बल्लेबाज बेहतर प्रदर्शन करेंगे विशेषकर तिलकरत्ने दिलशान जो कई सीनियर खिलाडि़यों की गैरमौजूदगी में टीम के सबसे अनुभवी खिलाड़ी हैं।
श्रृंखला 1-1 से बराबर चल रही है और दोनों टीमों श्रृंखला का अंत जीत से करना चाहेंगी जिससे कि एशिया कप और इसके बाद विश्व टी20 के लिए बढ़े हुए आत्मविश्वास के साथ जाएं।
भारत:
महेंद्र सिंह धोनी : कप्तान :, शिखर धवन, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे, सुरेश रैना, युवराज सिंह, रविंद्र जडेजा, रविचंद्रन अश्विन, जसप्रीत बुमराह, पवन नेगी, आशीष नेहरा, मनीष पांडे, हार्दिक पांड्या, भुवनेश्वर कुमार और हरभजन सिंह ।
श्रीलंका :
दिनेश चांदीमल : कप्तान :, दुष्मंता चामीरा, निरोशन डिकवेला, तिलकरत्ने दिलशान, बिनुरा फर्नांडो, दिलहारा फर्नांडो, असेला गुणरत्ने, धनुष्का गुणतिलका, चमारा कापूगेदारा, तिसारा परेरा, सेकुगे प्रसन्ना, कासुन रजीता, सचित्र सेनानायके, दासुन सनाका, मिलिंदा सिरिवर्धना, जाफरी वेंडरसे ।
मैच का समय : शाम 7. 30 बजे से ।