तिरूवनंतपुरम: फार्म में चल रहे जेजे लालपेखलुआ के दो गोल की मदद से भारत ने मालदीव को 3-2 से हराकर रिकॉर्ड 10वीं बार दक्षिण एशियाई फुटबॉल महासंघ (SAFF) चैम्पियनशिप के फाइनल में प्रवेश कर लिया। इंडियन सुपर लीग में प्रभावी प्रदर्शन करने के बाद जेजे ने उसी फार्म को बरकरार रखते हुए 34वें और 66वें मिनट में गोल किए। कप्तान सुनील छेत्री ने 25वें मिनट में गोल करके भारत को बढत दिलाई थी।
मालदीव के लिए अहमद नाशी ने 47वें और अमदान अली ने 75वें मिनट में गोल किए। रिकॉर्ड सातवां सैफ खिताब जीतने की कोशिश में जुटे भारत ने आक्रामक शुरूआत की। छेत्री ने शुरूआती मिनटों में ही अर्नब मंडल को पास दिया और जेजे के पैर से लगकर गेंद गोल के भीतर गई हालांकि इसे आफ साइड करार दिया गया। इसके बाद 22वें मिनट में होलिचरन नरजारी की फ्लिक को मालदीव के डिफेंडरों ने समय रहते बचा लिया।
भारत ने जल्दी ही इस गतिरोध को तोड़ा और देश के लिये सर्वाधिक गोल करने वाले छेत्री ने नरजारी के क्रास पर पहला गोल दागा। भारत को दूसरा मौका भी तुरंत मिला लेकिन जेजे के इस प्रयास पर मालदीव के डिफेंडर सतर्क थे।
विश्व रैंकिंग में 160वीं पायदान पर काबिज मालदीव के लिये नाशिद ने पहला गोल दागा जिसे इमाज ने अली अशफाक से गेंद लेकर पास दिया था। भारत के लिये तीसरा गोल जेजे ने किया जिसके लिये सूत्रधार की भूमिका छेत्री ने निभाई। छेत्री से गेंद लेकर जेजे ने मालदीव के डिफेंडरों को छकाते हुए गोल दागा।
दो गोल से बढत बनाने के बाद भारतीय कोच स्टीफन कोंस्टेंटाइन ने छेत्री को बुलाकर 74वें मिनट में छांगटे लालियांजुआला को उतारा। एक मिनट बाद मालदीव के लिए अली अमदान ने गोल करके बराबरी की उम्मीद जगाई लेकिन भारतीय डिफेंडरों ने उन पर पानी फेर दिया। भारत का सामना कल श्रीलंका और अफगानिस्तान के बीच होने वाले दूसरे सेमीफाइनल के विजेता से होगा।