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Google Chrome यूजर्स को सरकार ने जारी किया अलर्ट, हैकर्स की आपके कंप्यूटर में घुसने की कोशिश, ऐसे करें बचाव

 Published : Apr 16, 2026 07:24 am IST,  Updated : Apr 16, 2026 07:24 am IST

अगर आप भी अपने डेली के काम के लिए Google Chrome का इस्तेमाल करते हैं तो सरकार की इस चेतावनी के बारे में जानना बहुत जरूरी है।

Google Chrome- India TV Hindi
गूगल क्रोम Image Source : GOOGLE BLOG

Google Chrome Alert: भारत की साइबर सुरक्षा एजेंसी ने Google Chrome ब्राउजर में गंभीर सुरक्षा खामियों के बारे में अलर्ट करते हुए यूजर्स को चेतावनी दी है। इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम (CERT-In) ने क्रोम में कई कमजोरियों को उजागर करते हुए एक रिपोर्ट में हाई रिस्क वाली सलाह जारी कर दी है। एजेंसी ने कहा है कि अगर इसे गंभीरता से नहीं लिया गया तो हैकर्स आपके सिस्टम में घुस सकते हैं और सर्विसेज को बंद कर सकते हैं। इसके मुताबिक हैकर्स मैलीशियस (गलत) कोड चलाने के जरिए संवेदनशील और जरूरी जानकारी चुरा सकते हैं और सर्विसेज को बाधित करने में कामयाब हो सकते है। यह अलर्ट विंडोज, MacOS और Linux प्लेटफ़ॉर्म वाले डेस्कटॉप यूजर्स पर लागू हो रहा है।

चेताावनी में क्या-क्या शामिल है

ताजा रिपोर्ट के मुताबिक Google Chrome में कुछ सुरक्षा खामियों का फायदा उठाकर हैकर्स आपके सिस्टम में एंटर कर सकते हैं और इसके बाद आपके सिस्टम में मौजूद डेटा से जरूरी जानकारी चुरा सकते हैं। इतना ही नहीं हैकर्स आपके कंप्यूटर पर कंट्रोल लेने के बाद सिस्टम को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसके अलावा हैकर्स यूजर्स को किसी खतरनाक वेबसाइट खोलने के लिए ऐसे लिंक क्रिएट कर सकते हैं जिसके बाद आपका पूरा कंप्यूटर सिस्टम कॉम्प्रोमाइज हो सकता है और आपका जरूरी डेटा रिस्क में आ सकता है।

तकनीकी तौर पर समझें क्या है चेतावनी

CERT-In के मुताबिक, क्रोम ब्राउज़र के अलग-अलग कंपोनेंट्स से ये जोखिम पैदा होते हैं। इनमें वेब ऑडियो, WebRTC और मीडिया मॉड्यूल में यूज के बाद-फ्री-एरर के साथ-साथ वी8 जावास्क्रिप्ट इंजन और सीएसएस प्रोसेसिंग में कई प्रकार के बग शामिल हैं। एजेंसी ने क्रोम के रेंडरिंग इंजन ब्लिंक में आउट-ऑफ-बाउंड पढ़ने और लिखने की खामियों को भी आइडेंटिफाई किया है यानी इनकी पहचान की है। डाउनलोड, DevTools, नेविगेशन और WebCodecs में एक्स्ट्रा कमजोरियां पाई गईं।

CERT-In ने कहा कि अगर यूजर्स को खासतौर से तैयार की गई दुर्भावनापूर्ण वेबसाइटों पर जाने का लालच दिया जाता है और वो इन पर क्लिक करते हैं तो सिस्टम हैक हो सकता है। एक बार ऐसा होने पर हैकर्स अनअथराइज्ड एक्सेस हासिल कर सकते हैं, सिस्टम सेफ्टी को बायपास कर सकते हैं। इतना नहीं यूजर के इस सर्विस से इनकार करने पर साइबर अटैक शुरू कर सकते हैं।

किनको ज्यादा है खतरा

जिनका गूगल क्रोम ब्राउडर अपडेटेड नहीं है, उनके लिए ये खतरा ज्यादा है और विंडोज, MacOS और Linux प्लेटफ़ॉर्म वाले डेस्कटॉप यूजर्स इसका शिकार हो सकते हैं। इसके लिए सरकार ने समाधान बताया है कि आप अपने Chrome  ब्राउजर को अपडेट करें और इस समस्या से बच सकते हैं।

Chrome कैसे अपडेट किया जा सकता है

सिस्टम में Chrome ब्राउडर ओपन करें

राइट साइड में दिए गए तीन डॉटस पर क्लिक करें

इसके बाद Settings में जाएं और About Chrome ऑप्शन पर क्विक करें

यहां Chrome ऑटोमैटिक तरीके से न्यू अपडेट को चेक करके इंस्टॉल कर लेता है

न्यू अपडेट इंस्टॉल होने के बाद सिस्टम को Restart कर लें, इससे अपडेट पूरी तरह वर्किंग हो जाएगा।

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