Wednesday, February 25, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. वायरल न्‍यूज
  3. Video : दुबई में रह रहे 'बनारसी' बंदे ने की एकदम पते की बात, बताया UP-बिहार के लोगों का संघर्ष; सहमत हुए यूजर्स

Video : दुबई में रह रहे 'बनारसी' बंदे ने की एकदम पते की बात, बताया UP-बिहार के लोगों का संघर्ष; सहमत हुए यूजर्स

Written By: Shaswat Gupta Published : Feb 25, 2026 01:00 pm IST, Updated : Feb 25, 2026 01:03 pm IST

Viral Video : सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में दुबई में रह रहे एक शख्स ने यूपी-बिहार के लोगों के संघर्ष पर प्रतिक्रिया दी है।

banarasi man worked in dubai reacted on up biharites struggle must watch comment- India TV Hindi
Image Source : IG/@PANDAY_KIRT08 शख्स ने बताया यूपी-बिहार के लोगों का संघर्ष।

Viral Video : सोशल मीडिया पर आपने उत्तर प्रदेश-बिहार के उन लोगों की पोस्ट्स पर गौर किया होगा जो अक्सर कॉर्पोरेट जगत में बैकग्राउंड या लहजे के कारण जज किए जाते हैं। हालांकि, दुबई में जॉब कर रहे बनारस के एक शख्स ने कई रूढ़ियों या भ्रान्तियों को तोड़ दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है। इसमें उन्होंने उत्तर प्रदेश और बिहार से जुड़ी रूढ़ियों के बारे में बात की। वीडियो वायरल होने के बाद कई यूजर्स शख्स की बात से सहमत दिखाई दिए। 

इंस्टाग्राम पर विस्तार से समझाया 

वीडियो को इंस्टाग्राम पर @panday_kirt08 नामक हैंडल से शेयर किया गया है। दरअसल, इस लड़क का नामकीर्त वर्धन पांडे है। वीडियो में वे कहते हैं कि, 'तो, यह सिर्फ एक विचार है - यूपी और बिहार के लोग आज किसी भी बड़ी-बड़ी कंपनी में काम कर रहे हैं, लोग उनको थोड़ा असहज तरीके से देखते हैं। लेकिन यूपी और बिहार का सबसे बड़ा फायदा ये है कि हम अलग तरह से बने हैं। मतलब हमें किसी बात से फर्क नहीं पड़ता और न ही किसी चीज से डर लगता है। राज्यों के लोगों का लचीलापन उनकी परवरिश से आता है, क्योंकि उन्होंने बहुत कम उम्र से ही संघर्ष देखा है और उससे उबरकर जीवित रहे हैं। हमारे बाप-दादा ने किसान करके, हमें बड़ी-बड़ी कंपनियों में भेजा है। अगर कोई व्यक्ति लाखों या करोड़ों कमाता है और अचानक सब कुछ खो देता है, तो भी डर सीमित होता है। तो कल को हम लाखों-करोड़ों रुपये कमाते हैं और सब खत्म हो जाता है, हम बिल्कुल जीरो पर आ जाते हैं तो भाई हम फिर से शुरुआत कर देंगे क्योंकि हमने जीरो से ही शुरुआत की थी।' 

'बनारस लौट जाऊंगा, अस्सी घाट पर चाय पियूंगा...'

अपने वीडियो में वे कहते हैं, 'हमने सबसे खराब स्थितियां देखी हैं और उनमें जीवित रहे हैं। और हमारा बचपन वॉटरपार्क में नहीं, खेतो में और ट्रैक्टरों पर बीता है। सबसे खराब स्थिति में? मैं बनारस वापस चला जाऊंगा। और अगर मैं अपनी बात करूं तो मेरे सपने बहुत बड़े हैं।" लेकिन क्या होगा अगर सब कुछ ख़त्म हो जाए? मान लो कल को सब खत्म हो गया, दुबई का काम बंद हो गया तो मैं भाई वापस लौट आऊंगा। सुबह बैठ कर अस्सी घाट पर चाय पिऊंगा और शाम को गंगा आरती देखूंगा और कोई छोटा-मोटा बिजनेस खोल लूंगा और ये सोचना मुझको उतना ही सुकून देता है जितना मुझको प्राइवेट जेट में घुमने सुकून मिलता है।  पूरी तरह से अनासक्त हैं। हम पूरी तरह से अलग हैं। हमारा लगाव किसी मंजिल से नहीं, हमारी मानसिकता से है। और यकीन मानिए, यह आपके सबसे बड़े सपनों को साकार करने का सबसे जादुई तरीका है, साथ ही साथ अपनी शांति बनाए रखने का भी।' अपनी पोस्ट के कैप्शन में वे लिखते हैं कि, 'मेरी सबसे बुरी स्थिति यह है कि किसी और का सपनों का रिटायरमेंट हो जाए।'

यूजर्स ने जताई सहमति 

इस वीडियो के वायरल होने के बाद यूजर्स ने सह​मति जताई है। एक व्यक्ति ने कहा, 'सच है - यूपी और बिहार के लोगों को जीवन में कितना संघर्ष करना पड़ता है, लेकिन अपनी जड़ें कभी नहीं भूलतीं। सब कुछ खाने के बाद भी रीस्टार्ट करके फिर से ऊपर उठने का साहस रखते हैं।' दूसरे ने लिखा कि, 'मैं आपकी बात से पूरी तरह सहमत हूं।' तीसरे ने लिखा कि, 'आपके शब्द बहुत उत्साहवर्धक हैं।'

डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

ये भी पढ़ें -
सेवईं और सूतफेनी में क्या अंतर है, खूब चटकारे लेकर खाते हैं फिर भी नहीं जानते लोग; क्या आपको पता है 

भारतीय ट्रेनों को चलने के लिए कितना डीजल चाहिए होता है, माइलेज सुनकर चौंकेंगे जरूर; सफर से पहले जान लें 
 

 

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। वायरल न्‍यूज से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।

Advertisement
Advertisement
Advertisement