पश्चिम बंगाल के पूर्व बर्धमान के दुमरा गांव में बुधवार को उस समय भारी तनाव फैल गया, जब तृणमूल कांग्रेस के नेता उत्तम रुईदास के घर के पीछे बड़ी संख्या में दस्तावेज जलाए जाने का वीडियो सामने आया। स्थानीय लोगों के अनुसार, टीएमसी नेता के घर के पीछे कई कागजात जलते हुए देख इलाके के बीजेपी कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और घर का घेराव कर दिया।
BJP ने क्या आरोप लगाया?
दुमरा गांव के बीजेपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि वहां गांव के कई लोगों के जॉब कार्ड, बैंक पासबुक, जमीन के दस्तावेज सहित कई महत्वपूर्ण कागजात जलाए जा रहे थे। उन्होंने दावा किया कि तृणमूल शासन के दौरान उत्तम रुईदास ने क्षेत्र के लोगों पर काफी अत्याचार किए हैं। आवास योजना से लेकर मजदूरों और निर्माण कार्य से जुड़े लोगों से भी कटमनी वसूली की जाती थी।
कटमनी वसूली क्या होता है?
कटमनी वसूली का मतलब सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने, जमीन विवाद सुलझाने या कोई अन्य आधिकारिक काम कराने के बदले नेताओं, बिचौलियों या स्थानीय दबंगों द्वारा लाभार्थियों से अवैध रूप से वसूला जाने वाला कमीशन या घूस है। आरोप है कि तृणमूल कांग्रेस के शासनकाल के दौरान गरीब लोगों को आवास योजना, शौचालय या राशन जैसी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ देने के लिए स्थानीय नेताओं द्वारा अवैध पैसों की मांग की जाती थी।
देखें वीडियो-
पुलिस ने TMC नेता को किया गिरफ्तार
बता दें कि यह इलाका गलसी विधानसभा क्षेत्र के त्रिलोकचंद्रपुर पंचायत अंतर्गत आता है। बीजेपी कार्यकर्ताओं ने इसकी सूचना कांकसा थाना पुलिस को दी। खबर मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। हालांकि घटना के समय पूर्व ST/SC सेल तृणमूल कांग्रेस के सभापति उत्तम रुईदास घर पर मौजूद नहीं थे, लेकिन बाद में पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। वहीं, इस मामले में तृणमूल कांग्रेस नेतृत्व की ओर से भी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
पूरे इलाके में राजनीतिक तनाव
इस घटना के बाद पूरे इलाके में राजनीतिक तनाव और चर्चा का माहौल बन गया है। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है और जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
(रिपोर्ट- बिजू मंडल)
यह भी पढ़ें-
ममता बनर्जी को लगा एक के बाद एक झटका, अब करीबी फिरहाद हकीम ने कोलकाता के मेयर पद से दिया इस्तीफा
पश्चिम बंगाल में टूट गई ममता बनर्जी की TMC, ऋतब्रत बनर्जी को विपक्ष का नेता चुना गया