औरंगाबाद जिले में बुधवार की सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। अंबा-नवीनगर मुख्य मार्ग पर तामसी मोड़ के पास बच्चों से भरी एक स्कूल वैन अनियंत्रित होकर 15 फीट नीचे नहर में जा गिरी। हादसे में 13 बच्चे घायल हो गए, जबकि तीन बच्चों की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल राहत कार्य शुरू करते हुए वैन में फंसे बच्चों को बाहर निकाला और सभी को इलाज के लिए कुटुंबा रेफरल अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने 3 बच्चों की गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल रेफर कर दिया है।
नहर में गिरी स्कूल वैन, कई बच्चे घायल
घायलों में आसपास के गांव के बच्चे शामिल हैं। बच्चों की उम्र 5 सला से लेकर 13 साल के बीच है। डॉक्टरों ने सभी बच्चों का प्राथमिक उपचार किया गया, जबकि आरबी प्रताप, हर्ष कुमार और मौली कुमारी की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें औरंगाबाद सदर अस्पताल रेफर किया गया है।
हादसे के बाद मौके से ड्राइवर फरार
जानकारी के अनुसार अंबा स्थित संत जेवियर हाई स्कूल की मैजिक वैन कुटुंबा, लखना, महुआ धाम और मीरपुर गांव से बच्चों को लेकर स्कूल जा रही थी। तामसी मोड़ के पास अचानक चालक का वैन से नियंत्रण खो गया और वैन सीधे नहर में पलट गई। हादसे के तुरंत बाद चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, अभिभावक और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए।
परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप
हादसे के बाद अभिभावकों में भारी आक्रोश देखा गया। उनका आरोप है कि स्कूल प्रबंधन बच्चों के परिवहन के लिए पुराने और जर्जर वाहनों का उपयोग करता है। इतना ही नहीं निर्धारित क्षमता से अधिक बच्चों को एक ही वाहन में बैठाया जाता है, जिससे हमेशा दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। अभिभावकों का कहना है कि इससे पहले भी स्कूल वाहनों से जुड़े हादसे हो चुके हैं, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था में कोई सुधार नहीं किया गया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से स्कूल प्रबंधन और फरार चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
बच्चों की सुरक्षा को लेकर सवाल
अभिभावकों का कहना है कि निजी स्कूलों के वाहनों की नियमित जांच होनी चाहिए और क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। वहीं, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और चालक की तलाश की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि दुर्घटना के कारणों की जांच कर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।