छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ में मारे गए 4 माओवादियों के शवों की पहचान हो गई है। शनिवार को सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में मारे गए दो महिलाओं सहित चार माओवादियों की पहचान प्रतिबंधित सीपीआई (माओवादी) के दक्षिण उप-जोनल ब्यूरो के सदस्यों के रूप में हुई है, जिनके ऊपर राज्य सरकार ने कुल 17 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
ये हैं चारों मारे गए माओवादियों के नाम
एसपी ने जितेंद्र यादव बताया, 'मृतकों की पहचान प्लाटून नंबर 10 के एसीएम हुंगा, प्लाटून नंबर 30 के एसीएम लक्खे, एसीएम भीमे और पार्टी सदस्य निहाल उर्फ राहुल के रूप में हुई है, जो ब्यूरो कम्युनिकेशन टीम के प्रमुख का गार्ड था। सभी प्रतिबंधित माओवादी के दक्षिण सब-जोनल ब्यूरो का हिस्सा थे।'
तीन पर 5 और एक पर था 2 लाख का इनाम
मृतकों में तीन क्षेत्र समिति सदस्य (ACM) शामिल हैं, जिनमें से प्रत्येक पर 5 लाख रुपये का इनाम था। एक निचली पार्टी का काडर था, जिस पर 2 लाख रुपये के इनाम की घोषणा थी। इस तरह चारो मारे गए माओवादियों पर सरकार ने कुल 17 लाख का इनाम रखा था।
शनिवार शाम को हुई मुठभेड़
क्षेत्र में माओवादियों की मौजूदगी की खुफिया जानकारी के आधार पर जिला रिजर्व गार्ड (DRG) द्वारा शुरू किए गए तलाशी अभियान के बाद बासागुडा और गंगालूर पुलिस थाना सीमा पर घने जंगलों में शनिवार शाम को मुठभेड़ हुई।
हथियारों का जखीरा बरामद
बीजापुर के पुलिस अधीक्षक (SP) जितेंद्र यादव के अनुसार, माओवादियों और डीआरजी टीम के बीच काफी देर तक गोलीबारी हुई। इसके बाद घटनास्थल से शव और भारी मात्रा में हथियार बरामद किए गए।एसपी ने कहा कि मारे गए माओवादियों के पास से एक एसएलआर राइफल, तीन मैगजीन और 15 जिंदा कारतूस, एक इंसास राइफल शामिल है। साथ ही तीन मैगजीन, 40 कारतूस, एक मैगजीन और 16 कारतूस, एक बीजीएल लांचर, तीन कारतूस बरामद किया गया है।