
रात के 10 बजकर 48 मिनट पर जिया अपने घर लौट आई। 10 बजकर 54 मिनट पर सूरज ने जिया को फोन किया। दोनों के बीच जो बात हुई वो सिर्फ झगड़ा था। इसके बाद 10 बजकर 56 मिनट से लेकर 11 बजकर 21 मिनट के बीच सूरज ने जिया को दस मैसेज भेजे।
अब नीचे पढ़िए सूरज और जिया के बीच मैसेज में हुई वार्तालाप के अंश-
10.56 पर सूरज- फोन करो अगर तुम बात करना चाहती हो तो।
10.56 पर जिया- जाने दो
10.57 पर सूरज- तुमने मेरी जिंदगी को जेल बना दिया है (गालियां...)। तुम मेरी जासूसी करती हो। ऐसे कैसे हम एक साथ रह सकते हैं। मैंने हमेशा तुम पर आंख बंद करके भरोसा किया। प्लीज मुझे अकेला छोड़ दो।
10.58 पर जिया- मैं बहुत नाराज हूं..।
11.03 पर सूरज- तुम्हें लगता है कि मैं तुमसे जलता हूं...(गालियां) तुम मेरी जासूसी कैसे कर सकती हो।
11.08 पर सूरज- अर्जेंट है जल्दी से जल्दी फोन करो।
11.21 पर सूरज- मुझे अभी फोन करो।
11.21 पर सूरज- मैं तुमसे अभी बात करना चाहता हूं।
अगली स्लाइड में जानिए सीबीआई द्वारा विशेष अदालत में दायर आरोपपत्र में क्या कहा गया है-