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हाई ब्लड प्रेशर या लो बीपी क्या है ज्यादा खतरनाक?

Published : Jun 23, 2025 12:28 pm IST,  Updated : Jun 23, 2025 12:28 pm IST
ब्लड प्रेशर को लोग हल्के में लेते हैं। लेकिन ये शरीर के लिए साइलेंट किलर बन सकता है। हाई ब्लड प्रेशर यानि हाइपरटेंशन होने या लो बीपी यानि हाइपोटेंशन होने से सेहत पर गंभीर असर पड़ता है। इसलिए नियमित रूर से डॉक्टर से जांच कराएं।
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ब्लड प्रेशर को लोग हल्के में लेते हैं। लेकिन ये शरीर के लिए साइलेंट किलर बन सकता है। हाई ब्लड प्रेशर यानि हाइपरटेंशन होने या लो बीपी यानि हाइपोटेंशन होने से सेहत पर गंभीर असर पड़ता है। इसलिए नियमित रूर से डॉक्टर से जांच कराएं।
हाई ब्लड प्रेशर को साइलेंट किलर कहा जाता है। ब्लड प्रेशर बढ़ने से आर्टरीज, दिल, किडनी, दिमाग और लंबे समय में आंखों पर बुरा असर होता है। कई बार बिना लक्षण के हाई बीपी हार्ट अटैक और ब्रेन स्ट्रोक का कारण बन सकता है। इससे लॉन्ग टर्म बीमारियों का खतरा बढ़ता है
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हाई ब्लड प्रेशर को साइलेंट किलर कहा जाता है। ब्लड प्रेशर बढ़ने से आर्टरीज, दिल, किडनी, दिमाग और लंबे समय में आंखों पर बुरा असर होता है। कई बार बिना लक्षण के हाई बीपी हार्ट अटैक और ब्रेन स्ट्रोक का कारण बन सकता है। इससे लॉन्ग टर्म बीमारियों का खतरा बढ़ता है
लेकिन लो बीपी भी खतरनाक हो सकता है। अगर अचानक से बीपी डाउन हो जाए तो इंसान बेहोश हो सकता है। अगर लो ब्लड प्रेशर को मैनेज नहीं किया तो इससे ऑर्गन फेलियर तक हो सकता है। लो बीपी शरीर को जल्दी नुकसान पहुंचाता है।
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लेकिन लो बीपी भी खतरनाक हो सकता है। अगर अचानक से बीपी डाउन हो जाए तो इंसान बेहोश हो सकता है। अगर लो ब्लड प्रेशर को मैनेज नहीं किया तो इससे ऑर्गन फेलियर तक हो सकता है। लो बीपी शरीर को जल्दी नुकसान पहुंचाता है।
कुछ लोग मानते हैं कि लो बीपी सेफ होता है। जबकि ब्लड प्रेशर कम होने से मस्तिष्क जैसे महत्वपूर्ण अंगों को पर्याप्त ऑक्सीजन वाला ब्लड नहीं मिल पाता है। जिससे चक्कर आना, भ्रम, थकान या इससे भी बदतर, बेहोशी हो सकती है। कुछ दुर्लभ लेकिन गंभीर मामलों में जैसे कि इंटरनल ब्लीडिंगस सेप्सिस, शॉक को ट्रिगर कर सकता है।
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कुछ लोग मानते हैं कि लो बीपी सेफ होता है। जबकि ब्लड प्रेशर कम होने से मस्तिष्क जैसे महत्वपूर्ण अंगों को पर्याप्त ऑक्सीजन वाला ब्लड नहीं मिल पाता है। जिससे चक्कर आना, भ्रम, थकान या इससे भी बदतर, बेहोशी हो सकती है। कुछ दुर्लभ लेकिन गंभीर मामलों में जैसे कि इंटरनल ब्लीडिंगस सेप्सिस, शॉक को ट्रिगर कर सकता है।
इसलिए ब्लड प्रेशर कम या ज्यादा होना दोनों ही खतरनाक हो सकते हैं। इसलिए लक्षणों पर गौर करें और तुरंत डॉक्टर की सलाह से दवाएं खाएं। बीपी के लिए नियमित चेकअप जरूरी है। साथ ही हेल्दी डाइट, नींद और खाना भी अहम है।
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इसलिए ब्लड प्रेशर कम या ज्यादा होना दोनों ही खतरनाक हो सकते हैं। इसलिए लक्षणों पर गौर करें और तुरंत डॉक्टर की सलाह से दवाएं खाएं। बीपी के लिए नियमित चेकअप जरूरी है। साथ ही हेल्दी डाइट, नींद और खाना भी अहम है।
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