1. Hindi News
  2. गैलरी
  3. धर्म
  4. इन 6 लोगों का नाम कभी नहीं लेना चाहिए, शास्त्रों में कही गई है ये बात

इन 6 लोगों का नाम कभी नहीं लेना चाहिए, शास्त्रों में कही गई है ये बात

Published : Sep 10, 2025 01:47 pm IST,  Updated : Sep 10, 2025 01:47 pm IST
इन दिनों सोशल मीडिया पर प्रसिद्ध कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय जी की एक वीडियो काफी ज्यादा वायरल हो रही है। जिसमें उन्होंने बताया है कि शास्त्रों में किन 6 लोगों का नाम नहीं लेने की सलाह दी गई है। चलिए जानते हैं कौन हैं ये लोग।
1/7 Image Source : facebook
इन दिनों सोशल मीडिया पर प्रसिद्ध कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय जी की एक वीडियो काफी ज्यादा वायरल हो रही है। जिसमें उन्होंने बताया है कि शास्त्रों में किन 6 लोगों का नाम नहीं लेने की सलाह दी गई है। चलिए जानते हैं कौन हैं ये लोग।
प्रसिद्ध कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय जी अनुसार पत्नी को अपने पति का नाम कभी नहीं लेना चाहिए। स्कंद पुराण के अनुसार, पत्नी द्वारा पति का नाम लेने से उनकी आयु पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
2/7 Image Source : canva
प्रसिद्ध कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय जी अनुसार पत्नी को अपने पति का नाम कभी नहीं लेना चाहिए। स्कंद पुराण के अनुसार, पत्नी द्वारा पति का नाम लेने से उनकी आयु पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
पति को भी अपने पत्नी का नाम नहीं लेना चाहिए। कहा जाता है कि इससे वैवाहिक जीवन में तनाव उत्पन्न होता है।
3/7 Image Source : canva
पति को भी अपने पत्नी का नाम नहीं लेना चाहिए। कहा जाता है कि इससे वैवाहिक जीवन में तनाव उत्पन्न होता है।
अगर आपका एक पुत्र है तो उसका नाम भी बार-बार लेने से बचना चाहिए।
4/7 Image Source : canva
अगर आपका एक पुत्र है तो उसका नाम भी बार-बार लेने से बचना चाहिए।
खुद का नाम भी बार-बार पुकारने से बचना चाहिए। जहां जरूरत हो वहीं अपना नाम लेना चाहिए।
5/7 Image Source : canva
खुद का नाम भी बार-बार पुकारने से बचना चाहिए। जहां जरूरत हो वहीं अपना नाम लेना चाहिए।
अपने गुरु का नाम कभी भी नहीं लेना चाहिए। शास्त्रों में इस बात का वर्णन है।
6/7 Image Source : canva
अपने गुरु का नाम कभी भी नहीं लेना चाहिए। शास्त्रों में इस बात का वर्णन है।
इसके अलावा जिसका आप बहुत सम्मान करते हैं उसका स्पष्ट नाम उच्चारण भी नहीं करना चाहिए क्योंकि शास्त्र मना करते हैं।
7/7 Image Source : canva
इसके अलावा जिसका आप बहुत सम्मान करते हैं उसका स्पष्ट नाम उच्चारण भी नहीं करना चाहिए क्योंकि शास्त्र मना करते हैं।
Advertisement