चैत्र नवरात्र यानी भक्ति, अनुशासन और एक नई शुरुआत का त्यौहार। मां दुर्गा के ये नौ दिन सिर्फ श्रद्धा के नहीं, अपने तन-मन को साधने का भी सुंदर मौका है। व्रत-उपवास का भाव यही तो है, शरीर को थोड़ा विराम, पेट को थोड़ा आराम और जीवन को थोड़ा संयम देना। जब मौसम सर्दी से गर्मी की तरफ करवट ले रहा हो, तब ये शुरुआत और भी अहम हो जाती है क्योंकि सीजन चेंज में शरीर को भी खुद को ढालना पड़ता है। खान-पान हल्का हो, दिनचर्या सुधरे, पसीना निकले, तभी बॉडी नई ऋतु के लिए बेहतर तरीके से तैयार होती है।
नवरात्र सिर्फ पूजा का नहीं, हेल्दी प्रैक्टिस शुरू करने का भी परफेक्ट मौका है। अगर तला-भुना, जंक और बहुत ज्यादा मीठे का सेवन न किया जाए, हल्का भोजन, व्रत का संतुलित खाना, सुबह की योगिक जॉगिंग और थोड़ा योग जोड़ लिया जाए, तो बॉडी के नेचुरल डिटॉक्स प्रोसेस को भी अच्छा सपोर्ट मिलता है। इसका सबसे बड़ा फायदा मिलता है हमारे लिवर को मतलब शरीर के उस डॉक्टर को, जो चुपचाप सफाई, पाचन और एनर्जी का बड़ा काम संभालता है। लेकिन खराब लाइफस्टाइल, मोटापा, शुगर-बीपी और जिगर पर चढ़ता फैट, आज एक बहुत बड़ी परेशानी बन गया है। आलम ये है कि हर दूसरे आदमी का लिवर फैटी है।
क्या कहती है स्टडी- एक लेटेस्ट स्टडी के मुताबिक जॉगिंग और योग जैसी एक्टिव आदतें, फैटी लिवर के खतरे को कम करने में काफी मदद कर सकती हैं। अगर वक्त रहते ध्यान नहीं दिया गया, तो यही फैटी लिवर आगे चलकर फाइब्रोसिस, सिरोसिस और कैंसर जैसी बड़ी मुसीबत का रास्ता भी बन सकता है। योग-आयुर्वेद, सही उपवास और अनुशासित दिनचर्या से जिगर को कैसे सुरक्षित रखा जाए, आइए इस बारे में जानकारी हासिल करते हैं।
फैटी लिवर के मामले- भारत में एक तिहाई आबादी का लिवर फैटी है। हर साल 1 करोड़ से ज्यादा नए केस और पिछले 10 साल में मामले काफी तेजी से बढ़ रहे हैं। हेल्दी लाइफस्टाइल और डाइट प्लान फैटी लिवर, लिवर सिरोसिस, लिवर फाइब्रोसिस और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के खतरे को कम करने में कारगर साबित हो सकता है। लिवर शरीर का सबसे बड़ा ग्लैंड होता है, जिसका वजन लगभग 1.5 किलोग्राम है।
गौर करने वाली बात- लिवर का काम है, एंजाइम्स बनाना, ब्लड फिल्टर करना, टॉक्सिंस निकालना, कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल करना, डाइजेशन, प्रोटीन बनाना और इम्यूनिटी बढ़ाना। लिवर की सेहत को मजबूत बनाए रखने के लिए मौसमी फल, साबुत अनाज और लो फैट डेयरी प्रोडक्ट्स का सेवन कीजिए। यंग एज से ही लिवर का ख्याल रखना शुरू कर दीजिए। प्लांट बेस्ड फूड से फैटी लिवर ठीक हो सकता है।
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