1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. चारधाम यात्रा मंगलवार से होगी शुरू, अक्षय तृतीया पर खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट

चारधाम यात्रा मंगलवार से होगी शुरू, अक्षय तृतीया पर खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : May 06, 2019 07:28 pm IST,  Updated : May 06, 2019 07:40 pm IST

अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर मंगलवार को गंगोत्री और यमुनोत्री मंदिर के कपाट खुलने के साथ ही उत्तराखण्ड के उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्थित चारधामों की यात्रा की शुरूआत हो जायेगी।

Char Dham Yatra 2019- India TV Hindi
Char Dham Yatra 2019

देहरादून: अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर मंगलवार को गंगोत्री और यमुनोत्री मंदिर के कपाट खुलने के साथ ही उत्तराखण्ड के उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्थित चारधामों की यात्रा की शुरूआत हो जायेगी। केदारनाथ धाम के कपाट जहां नौ मई को खुलेंगे वहीं बद्रीनाथ मंदिर के कपाट 10 मई को खुलेंगे। उत्तरकाशी जिले में स्थित विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री मंदिर के कपाट कल सुबह 11:30 पर श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे जबकि यमुनोत्री धाम के कपाट रोहिणी नक्षत्र में दोपहर 1:15 पर खोले जायेंगे। 

गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष सुरेश सेमवाल ने बताया कि आज दोपहर 12:35 पर मां गंगा की उत्सव डोली अपने शीतकालीन प्रवास मुखबा गांव से गंगोत्री धाम के लिए रवाना हो गई है वहीं यमुनोत्री मंदिर समिति के सचिव कृतेश्वर उनियाल के अनुसार, मां यमुना की डोली कल सुबह नौ बजे अपने शीतकालीन प्रवास खरसाली गांव से यमुनोत्री धाम के लिये रवाना होगी। इस बीच, मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने देश विदेश से चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं का राज्य में स्वागत किया है और कहा है कि उनकी सुख—सुविधाओं और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जायेगा। 

यहां जारी एक बयान में रावत ने कहा, ‘अक्षय तृतीया पर प्रदेश में यमुनोत्री एवं गंगोत्री के कपाट खुलने के साथ ही चारधाम यात्रा शुरू हो जायेगी। उत्तराखण्ड चारधाम यात्रा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं केस्वागत के लिए तैयार है। चारधाम यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं की सुख-सुविधा एवं सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जायेगा।' प्रदेश के पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर ने बताया कि भारी बर्फबारी के बावजूद केदारनाथ में यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए राज्य सरकार तथा जिला प्रशासन द्वारा सभी सम्भव प्रयास किये जा रहे हैं और कपाट खुलने से पूर्व समस्त तैयारियां पूर्ण कर ली जायेंगी। 

उन्होंने बताया कि केदारनाथ धाम में लगभग 3000 यात्रियों के ठहरने की व्यवस्था उपलब्ध है। हर साल अप्रैल-मई में चारधाम यात्रा के शुरू होने का स्थानीय जनता को भी इंतजार रहता है। छह माह तक चलने वाली इस यात्रा के दौरान देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालु और पर्यटक जनता के रोजगार और आजीविका का साधन हैं और इसीलिए चारधाम यात्रा को गढ़वाल हिमालय की अर्थव्यवस्था की रीढ़ माना जाता है। सर्दियों में भारी हिमपात और भीषण ठंड की चपेट में रहने के कारण चार धाम के कपाट हर साल अक्टूबर-नवंबर में श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिये जाते हैं जो अगले साल अप्रैल-मई में फिर खोल दिये जाते हैं।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत