
स्पेस में माइक्रोग्रेविची के बारें में बताना और वहां कैसे रहें ये सीखना
आप ये बात तो जानते ही होगे कि स्पेस में ग्रेविटी नहीं होती हैं। जिसके कारण आपको अपना भार महसूस नहीं होता हैं। वहां पर हर चीज हमेशा तैरती रहती हैं। इसलिए ये जाने से पहले एस्ट्रोनॉट को ट्रेनिंग दी जाती हैं। जिससे कि वह स्पेस में आसानी से हर काम कर सकें। और किसी चीज से टकराए नहीं। साथ ही किसी भी चीज को आप रोक सकें।
स्पेस वॉक की ट्रेनिंग
पूरी ट्रेनिंग का यह सबसे अहम हिस्सा होता है, जिसके लिए अंतरिक्ष यात्री अंडरवाटर ट्रेनिंग लेते हैं। इसके लिए Neutral Buoyancy Laboratory (NBL) का प्रयोग करते हैं, जिसे आप एक बड़ा स्विमिंग पूल कह सकते हैं। NBL की लंबाई 202 फीट, चौड़ाई 102 फीट और 40 फीट गहराई होती है। इसके अंदर 22.7 मिलियन लीटर पानी भर सकते हैं। एस्ट्रोनॉट इसमें तैरते हुए अपनी प्रैक्टिस करते हैं। वे एक समय में कम से कम 7 घंटे तक लगातर अंडरवॉर प्रैक्टिस करते हैं। जिससे वह पूरे तरीके से स्पेस में जाने के लइए तैयार हो जाएं।