नई दिल्ली: विवादित उपदेशक जाकिर नाइक की जांच में मुंबई पुलिस को कई ऐसे सबूत मिले हैं जिसमें नाइक की संस्था के विदेशी फंडिंग का पता चला है। पुलिस ने जांच में पाया है कि नाइक के बैंक अकाउंट्स में पिछले तीन सालों में तीन अलग-अलग देशों से 60 करोड़ रुपये आए हैं। इस संबंध में मुंबई पुलिस नाइक के परिवार के लोगों से पूछताछ भी करेगी।
जांच में सामने आया है कि नाइक के परिवार के सदस्यों से जुड़े पांच बैंक खातों में यह रकम जमा की गई है। अंग्रेजी अखबार द टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार एक अधिकारी ने बताया, 'हम अभी तक यह नहीं पता लगा पाए हैं कि ये रकम किस मकसद से जमा की गई है। हमने जांच की और इस लेन-देन का पता लगाया। अधिकारी ने साफ किया कि ये बैंक खाते नाईक के एनजीओ से जुड़े नहीं हैं बल्कि उसके अपने हैं। हालांकि इस सिलसिले में आईआरएफ के दूसरे अधिकारियों से अभी तक पूछताछ नहीं की गई है।
एक पुलिस अधिकारी के अनुसार, इनकम टैक्स विभाग से इन कंपनियों का डीटेल मांगा गया है। वे पता कर रहे हैं कि इन कंपनियों को फंडिंग कहां से होती थी। क्या धर्म परिवर्तन के लिए फाइनेंस इन्हीं कंपनियों से होता था। पूरी जानकारी मिलने के बाद जाकिर के परिवार के लोगों से पुलिस पूछताछ करेगी।
सूत्रों के मुताबिक मुंबई पुलिस नाइक द्वारा चलाए जा रहे एक अंतर्राष्ट्रीय स्कूल के खातों की भी जांच कर रही है। हाल ही में नाइक के बैंक स्टेटमेंट और मनी ट्रांजेक्शन की एक जांच रिपोर्ट पुलिस आयुक्त डी डी पडसलगीकर को दी गई है।
ज्ञात हो कि जाकिर नाइक मुंबई का मूल निवासी है जो इस समय दुनिया में इस्लामिक उपदेशक के रूप में जाना जाता है। हाल ही में ढाका में हुए आतंकी हमले में शामिल आतंकियों का कहना था कि वह नाइक के भाषणों से प्रभावित थे। जिसके बाद नाइक पर शक की सुई घूमने लगी थी, और वह जांच के घेरे में आ गया था।
आतंकियों के साथ जुड़े रहने और भड़काऊ भाषण देने के विवाद से नाइक पर भारत सरकार की नजर भी लगातार बनी हुई है। मुंबई पुलिस जांच पड़ताल में लगी हुई थी और अब पुलिस को नाइक के खिलाफ काफी सबूत भी मिल गए हैं।