1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. केदारनाथ में बचाव अभियान चौथे दिन भी जारी, अबतक 10 हजार लोगों को किया गया रेस्क्यू

केदारनाथ में बचाव अभियान चौथे दिन भी जारी, अबतक 10 हजार लोगों को किया गया रेस्क्यू

 Edited By: Avinash Rai @RaisahabUp61
 Published : Aug 04, 2024 03:57 pm IST,  Updated : Aug 04, 2024 03:57 pm IST

केदारनाथ यात्रा के मार्ग पर फंसे यात्रियों को बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार चौथे दिन भी जारी है। आज 373 लोगों को लिंचोली के लिए रवाना किया गया। यहां से यात्रियों को सुरक्षित हवाई मार्ग के जरिए निकाला जा रहा है।

Rescue operation continues in Kedarnath on the fourth day 10 thousand people have been rescued so fa- India TV Hindi
केदारनाथ में बचाव अभियान चौथे दिन भी जारी Image Source : PTI

क्षतिग्रस्त केदारनाथ यात्रा मार्ग पर फंसे यात्रियों को बाहर निकालने के लिए बचाव अभियान रविवार को लगातार चौथे दिन भी जारी रहा। इस दौरान, 373 लोगों को केदारनाथ धाम से लिंचोली के लिए रवाना किया गया, जहां से उन्हें हवाई मार्ग से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाएगा। श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के मुख्य कार्यकारी अधिकारी योगेंद्र सिंह ने बताया कि केदारनाथ से राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और अन्य बचाव दलों के साथ रवाना हुए इन 373 लोगों में श्रद्धालुओं के साथ ही स्थानीय लोग एवं मजदूर भी शामिल हैं। 

570 हेलीकॉप्टर का इंतजार कर रहे यात्री

सिंह के अनुसार, लिंचोली से हेलीकॉप्टर के जरिये इन सभी को सुरक्षित जगहों पर ले जाया जाएगा। इसके अलावा, केदारनाथ हैलीपैड पर भी 570 यात्री हेलीकॉप्टर का इंतजार कर रहे हैं। सिंह ने बताया कि जिला प्रशासन, मंदिर समिति और तीर्थ पुरोहित समाज केदारनाथ में फंसे सभी लोगों के लिए खाने के पैकेट, पानी की बोतलें और फल उपलब्ध करा रहा है। इस बीच, रामबाड़ा चौमासी पैदल रास्ते पर फंसे 110 यात्रियों को भी निकालकर चौमासी पहुंचा दिया गया है। इस मार्ग से अब तक 534 से अधिक यात्रियों एवं स्थानीय लोगों को निकाला जा चुका है। 

अबतक 10 हजार से अधिक लोगों को किया गया रेस्क्यू

बुधवार रात अतिवृष्टि और बादल फटने के कारण केदारनाथ पैदल मार्ग पर लिंचोली, भीमबली, घोड़ापड़ाव और रामबाड़ा सहित कई स्थानों पर मार्ग बह गया था और अन्य जगहों पर पहाड़ी से भूस्खलन और बड़े-बड़े पत्थर आने से मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया था, जिससे जगह-जगह पर श्रद्धालु फंस गए थे। फंसे श्रद्धालुओं को बाहर निकालने के लिए बृहस्पतिवार सुबह से जमीनी और हवाई मार्ग से बचाव अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान में शुक्रवार से भारतीय वायु सेना के चिनूक और एमआई-17 हेलीकॉप्टर भी जुड़ हए। अभी तक करीब 10 हजार लोगों को बाहर निकाला जा चुका है। इस बीच, केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सोनप्रयाग-गौरीकुंड के बीच बह गए मार्ग पर सेना की ओर से पैदल पुल का निर्माण शुरू कर दिया गया है। 

खोजी कुत्तों की भी ली जाएगी मदद

रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि केदारनाथ मार्ग पर जारी बचाव अभियान में अब दो खोजी कुत्तों की मदद भी ली जाएगी। उन्होंने बताया कि सेना की मदद से यह अभियान चलाया जाएगा। अधिकारियों के मुताबिक, खोजी कुत्ता दस्ते को हेलीकॉप्टर से लिंचोली में उतारा जा चुका है, जहां से यह पूरे क्षेत्र में खोजबीन शुरू करेगा। अधिकारियों का मानना है कि कई लोग बारिश के डर से अपनी जान बचाने के लिए जंगलों की तरफ बढ़े होंगे और इस दौरान उनके रास्ता भटकने की आशंका के मद्देनजर खोजबीन की जाएगी।

(इनपुट-भाषा)

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत