1. Hindi News
  2. वायरल न्‍यूज
  3. Video : भारत का इकलौता रेलवे स्टेशन, जहां साल में सिर्फ 2 ही ट्रेन आती हैं; नाम सुनकर यकीन नहीं होगा

Video : भारत का इकलौता रेलवे स्टेशन, जहां साल में सिर्फ 2 ही ट्रेन आती हैं; नाम सुनकर यकीन नहीं होगा

 Written By: Shaswat Gupta
 Published : Mar 25, 2026 05:46 pm IST,  Updated : Mar 25, 2026 05:46 pm IST

Railway Interesting Facts : सोशल मीडिया पर इन दिनों एक ऐसा वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें भारत के बड़े ही अनोखे रेलवे स्टेशन के बारे में बताया गया है।

which railway station only 2 train came, unique railway station, bizzare railway station, train fact- India TV Hindi
भारत का अनोखा रेलवे स्टेशन। Image Source : FREEPIK

Railway Interesting Facts : भारत में कई तरह के रेलवे स्टेशनों से जुड़े रोचक तथ्यों के बारे में पढ़ा होगा। मगर, कुछ रेलवे स्टेशन ऐसे होते हैं जिनकी खूबियां सुनने के बाद लोग हैरान हो जाते हैं। ऐसे ही एक रेलवे स्टेशन का वीडियो इन दिनों चर्चा में आ गया है जहां पर खड़े एक शख्स ने दावा किया कि, इस स्टेशन पर साल में सिर्फ दो बार ही ट्रेन आती है, जो इसे बाकी रेलवे मार्गों से काफी अलग बनाती है। इस अनोखी बात को समझाने वाले एक वीडियो ने लोगों का ध्यान खींचा है और जिज्ञासा जगाई है। 

क्या है अनोखे रेलवे स्टेशन का नाम 

इस वीडियो को इंस्टाग्राम पर @_northern_vlogger नामक हैंडल से शेयर किया गया है। वीडियो में एक व्यक्ति ट्रेन के पास खड़ा होकर एक रोचक तथ्य साझा करता है। वह कहता है, “क्या आप जानते हैं कि मेरे पीछे खड़ी यह ट्रेन, और जिस जगह पर मैं अभी खड़ा हूं, वहां साल में सिर्फ़ दो बार ही ट्रेन आती है? जी हां, मैं हुसैनीवाला स्टेशन की बात कर रहा हूं।” उन्होंने बताया कि यह स्टेशन पंजाब में फिरोजपुर और हुसैनीवाला सीमा के बीच स्थित है। यह इस मार्ग का अंतिम पड़ाव है और इसके आगे कोई ट्रेन नहीं जाती। 

23 मार्च को ही क्यों चलाई जाती है ट्रेन

शख्स ने बताया कि, “मैं आपको हुसैनीवाला रेलवे स्टेशन की एक झलक दिखाता हूं। जैसा कि आप देख सकते हैं, यहां एक ट्रेन खड़ी है। यह वही ट्रेन है जिससे मैं अभी फिरोजपुर से आया हूं। यह सेवा कैंट में ही उपलब्ध है और यह एक विशेष सेवा है। यह पूरे साल में केवल दो दिन ही संचालित होती है। आज, 23 मार्च, उन्हीं खास दिनों में से एक है। और हुसैनीवाला में 23 मार्च को क्या खास बनाता है? लोग दूर-दूर से इस जगह पर दर्शन करने आते हैं। यह भगत सिंह के शहादत दिवस के रूप में मनाया जाता है; इसलिए, लोग दूर-दूर से इस सीमावर्ती क्षेत्र में आते हैं। यह विशेष ट्रेन साल में एक बार आज जैसे दिन चलाई जाती है, और दूसरी बार यह 13 अप्रैल को वैशाखी के अवसर पर चलाई जाती है।” अंत में वह बताते हैं कि, “हुसैनीवाला रेलवे स्टेशन सचमुच इस लाइन का आखिरी स्टेशन है। ट्रेन इसी दिशा से आई थी और इसी दिशा में वापस जाएगी। ध्यान से देखिए, यह वाकई रेलवे लाइन का अंतिम छोर है। इस बिंदु से आगे कोई ट्रेन नहीं चलती; यहां से आगे का पूरा रास्ता सड़क मार्ग है।”  

यूजर्स ने दी प्रतिक्रिया 

इस वीडियो को देखने के बाद इस पर कई यूजर्स ने प्रतिक्रियाएं दी हैं। एक यूजर ने लिखा, "नाम बदला जाना चाहिए, इसका नाम भगत सिंह के नाम पर रखा जाना चाहिए।" दूसरे ने लिखा कि, "मुझे गर्व महसूस हो रहा है क्योंकि मैं फिरोजपुर से हूं।" तीसरे ने लिखा कि, "भाई मैं गया हूं हुसैनीवाला फिरोजपुर कैंट तक आप सही कह रहे हो।" कुछ यूजर्स ने ट्रेन नंबर के बारे में भी पूछा, जबकि अन्य ने सुझाव दिया, "इस स्टेशन का वीर भगत सिंह कर दो।"

डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

ये भी पढ़ें -
कार शोरूम मेन रोड पर ही क्यों बने होते हैं, वजह सुनकर दिमाग घूम जाएगा; नहीं जाना तो पछताएंगे

Video : भारत vs नीदरलैंड, किस देश में बच्चों की परवरिश बेहतर होती है; डच महिला ने गिनाए अंतर  
 

 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। वायरल न्‍यूज से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।