वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय बजट पर चर्चा के पहले दिन लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों में खूब नोक-झोंक हुई। कांग्रेस से लेकर टीएमसी और समाजवादी पार्टी तक सरकार पर हमलावर है तो सरकार की तरफ से पलटवार भी किया जा रहा है। BJP और सत्तारूढ़ NDA में उसके सहयोगी दलों ने बजट को दूरदृष्टि और विकसित भारत वाला बताते हुए दावा किया कि इसमें ‘मोदी की गारंटी’ कायम है, वहीं कांग्रेस समेत संपूर्ण विपक्ष ने इसे ‘कुर्सी बचाओ’ और ‘जुमला बजट’ बताया है।
संसद में बजट पर जारी चर्चा एवं इससे जुड़ी अन्य सियासी खबरों पर अपडेट्स के लिए हमारे साथ बने रहें:
आपातकाल और अमृतपाल सिंह पर लोकसभा में दिए गए अपने बयान पर कांग्रेस सांसद चरणजीत सिंह चन्नी ने कहा, "मैंने गरीबों, किसानों के बारे में बात की कि कैसे किसानों को MSP पर वादा पूरा नहीं किया जा रहा है। मैंने पूरे बजट के बारे में, देश की स्थिति के बारे में और जिस तरह से देश आर्थिक रूप से डूब रहा है, उसके बारे में बात की।"
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू के बयान पर कहा, "जब हम बजट पर भाषण देंगे तो बजट में जो कमियां हैं उनपर सवाल पूछेंगे। कल हमने पूछा कि स्वास्थ्य और शिक्षा पर क्या किया गया क्योंकि इन दोनों क्षेत्रों का बजट कम हो गया है। दो राज्यों के साथ सरकार बहुत अलग व्यवहार कर रही है, वे अपने गठबंधन साथियों को संतुष्ट करना चाहते हैं, इसके बारे में बोलना हमारा फर्ज है... जब एक राज्य को 26 हजार करोड़ मिल रहा है और दूसरे को कुछ नहीं मिल रहा है तो हम सवाल तो पूछेंगे..."
कांग्रेस सांसद चरणजीत सिंह चन्नी द्वारा लोकसभा में 'वारिस पंजाब दे' के प्रमुख और निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह को लेकर दिए गए बयान पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा, "चन्नी के बयान पर मैं इतना ही कहूंगा कि इंदिरा गांधी का हत्यारा खालिस्तानी और खालिस्तानी का समर्थक कांग्रेसी, यह भारत की संप्रभुता पर हमला है, इसपर कार्रवाई होनी चाहिए... कांग्रेस का हाथ खालिस्तानियों के साथ।"
केंद्रीय बजट 2024-25 पर राजद नेता मृत्युंजय तिवारी ने पटना में कहा, 'इस बजट में बिहार की 14 करोड़ जनता की आंखों में धून झोंकी गई है... तेजस्वी यादव जब उपमुख्यमंत्री थे उस समय जो योजनाएं प्रक्रियाधीन थीं, उसी को रीपैकेजिंग करके दिखाया जा रहा है कि बिहार को बहुत कुछ मिल रहा है... बिहार को मिला कुछ नहीं है लेकिन ढिंढोरा पीटा जा रहा है। नीतीश कुमार भाजपा के सामने सत्ता के लिए नतमस्तक हो गए... लालू यादव ने कहा है कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा बिहार की जनता की वाजिब मांग है जिसे हम किसी भी कीमत पर लेकर रहेंगे।'
केन्द्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने बताया, 'ये मॉनसून सत्र है और एक तरीके से ये बजट सत्र ही है। इस सत्र में जो बजट पेश किया गया, कल बजट पर चर्चा का पहला दिन था। देश देखना चाहता है कि बजट पर अच्छी चर्चा हो सार्थक चर्चा हो लेकिन कल विपक्ष के कुछ नेताओं ने जिस तरीके से बजट पर बात की जैसा भाषण दिया वो बजट सत्र की गरिमा को गिरा कर इन्होंने सदन का अपमान किया है। कल विपक्ष ने बजट पर कुछ नहीं कहा केवल राजनीति की है। दो चीजें विपक्ष ने कल की हैं, उन्होंने देश के जनादेश का अपमान किया है और PM को गाली देने का काम किया है। ये लोकतंत्र के लिए ठीक नहीं है। NDA के लोगों ने बजट के बारे में अच्छी तरह से सुझाव दिया। विपक्ष के लोगों ने बजट के अच्छे प्रावधान का जिक्र ना करते हुए केवल गाली देने का काम किया है। राजनीतिक बात करके PM को गाली देना किसी को शोभा नहीं देता है। मैं संसदीय कार्य मंत्री होने के नाते अपील करता हूं कि बजट सत्र में बजट पर चर्चा होनी चाहिए।'
केन्द्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू के बयान पर निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने कहा, 'यह लोग अपने ही बजट को देख लें। बजट में कुछ है ही नहीं। स्वास्थ्य के लिए नहीं है, मनरेगा के लिए कुछ नहीं है, MSP के लिए कुछ नहीं है, OBC-ST और SC के लिए कुछ नहीं है तो बजट पर क्या चर्चा करेंगे? सदन में जैसे को तैसा होगा, आपको(भाजपा) बहुमत नहीं मिला है, आपने जबरदस्ती बहुमत लिया है।'
मराठा आरक्षण पर शिवसेना (UBT) नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा, 'ये लोग सिर्फ बरगलाने का काम कर रहे हैं। ये सिर्फ विवाद खड़ा करने का काम कर रहे हैं इनको सिर्फ सत्ता में रहने का मोह है पैसों का मोह है। मराठा बनाम OBC करने का कृत किया इन्होंने किया है। मराठा आरक्षण की मांग को भ्रमित करने का काम इन्हीं ने किया है।'
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने संसद में दिवंगत पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी को पुष्पांजलि अर्पित की।
बीजेपी नेता शहजाद पूनावाला ने कहा, 'सबसे पहले INDI गठबंधन तय करे कि बजट को लेकर उनका स्टैंड क्या है? अगर किसी राज्य को उसका अधिकार दिया जाए तो INDI गठबंधन के लोग उस राज्य के लोगों का किस तरह से अपमान करते हैं। RJD को बताना चाहिए कि क्या वो मल्लिकार्जुन खरगे की बातों से सहमत हैं? क्या वे खरगे जी की तरह नीति आयोग का बहिष्कार करेंगे क्योंकि बिहार को उसका अधिकार मिला? यही तो वो लोग हैं जो विशेष पैकेज और विशेष राज्य के दर्जे की मांग कर रहे थे। उन्हें(विपक्ष) बजट से नहीं बजट बनाने वाले लोगों से समस्या है।'
संसद में आज भी केंद्रीय बजट पर चर्चा जारी रहेगी। माना जा रहा है कि पहले दिन की तरह ही बजट पर चर्चा का दूसरा दिन भी हंगामेदार रह सकता है।
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