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'सेना को मजबूत करने के लिए जो भी करना होगा करेंगे', जानें आर्मी, FTA और बजट पर क्या-क्या बोले PM मोदी

 Edited By: Vinay Trivedi
 Published : Feb 15, 2026 06:33 pm IST,  Updated : Feb 15, 2026 07:04 pm IST

Narendra Modi Interview: PM मोदी ने रक्षा, बजट और Free Trade Agreement के मुद्दे पर खास इंटरव्यू दिया है। इसमें प्रधानमंत्री ने बताया कि सरकार की जिम्मेदारी होती है कि वह मौजूदा हालात के हिसाब से डिफेंस सेक्टर को आधुनिक बनाए।

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PM मोदी ने रक्षा, बजट और FTA पर अपनी बात रखी। Image Source : PTI

PM Modi Interview: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बजट, FTA, रक्षा बजट बढ़ाने और MSME सेक्टर के लिए फायदे को लेकर अपने इंटरव्यू में कई अहम बातें कही हैं। देश के रक्षा बलों की मदद करने और उनको मजबूत करने के सवाल पर PM मोदी ने कहा कि सरकार को जो भी करना होगा, वह करेगी। वहीं, व्यापार सौदों पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि राजनीतिक स्थिरता और राजनीतिक पूर्वानुमान क्षमता ने हमारे देश में निवेशकों का विश्वास बहाल किया है। इस साल का बजट भारत के विकसित देश बनने की चाहत को दिखाता है। 'अभी नहीं तो कभी नहीं' मजबूरी में पैदा होने वाला अवसर नहीं है, बल्कि ये तैयारी और प्रेरणा से उपजा 'हम तैयार हैं' वाला क्षण है।

FTA से हमारे देश के MSME को होगा फायदा

PM मोदी ने 38 देशों के साथ Free Trade Agreement पर कहा, 'मजबूत मैन्युफैक्चरिंग, सर्विस सेक्टर, MSME भारत को मजबूती से ट्रेड डील पर बातचीत करने में सहायता करते हैं। हमारे FTA का मकसद कपड़ा, चमड़ा, केमिकल, हस्तशिल्प, रत्न और अन्य सेक्टर्स में MSME के लिए मार्केट पहुंच का विस्तार करना है।'

रक्षा को आधुनिक बनाना सरकार की जिम्मेदारी

वहीं, डिफेंस सेक्टर में बढ़ोतरी पर बात करते हुए PM मोदी बोले, 'सरकार की जिम्मेदारी है कि वह मौजूदा हालात के मुताबिक डिफेंस सेक्टर को मॉडर्न बनाए।' प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने UPA सरकार के वक्त के 'आर्थिक कुप्रबंधन' की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने हमारे देश को आत्मविश्वास के साथ बातचीत करने की हालत में नहीं छोड़ा था।

UPA सरकार में नहीं निकलता था कोई नतीजा

PM मोदी ने कहा, 'UPA सरकार में बातचीत शुरू होती थी और फिर उसके बाद टूट जाती थी, लेकिन लंबी बातचीत के बावजूद कोई ठोस परिणाम नहीं निकल पाता था। सुधार हमारी सरकार की प्रतिबद्धता है, जिसे उसने अपने शब्दों और भावना में दिखाया है। अगले फेज के आर्थिक परिवर्तन के लिए प्राइवेट सेक्टर महत्वपूर्ण हैं, उनसे 'निर्णायक प्रतिक्रिया' देने की अपील है।

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