1. Hindi News
  2. भारत
  3. उत्तर प्रदेश
  4. अब इस एक्सप्रेस-वे के लिए तैयार हैं योगी सरकार, 2023 तक जनता को सौंपना है लक्ष्य

अब इस एक्सप्रेस-वे के लिए तैयार हैं योगी सरकार, 2023 तक जनता को सौंपना है लक्ष्य

 Written By: IANS
 Published : Aug 30, 2020 09:07 pm IST,  Updated : Aug 30, 2020 09:07 pm IST

सरकार ने परियोजना के लिए 37,350 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं, जिसमें से 9,500 करोड़ रुपये भूमि के अधिग्रहण और बाकी के 24,091 रुपये निर्माण कार्यों पर खर्च किए जाएंगे।

Yogi Adtiyanath government ready for Ganga Expressway । अब इस एक्सप्रेस-वे के लिए तैयार हैं योगी सरक- India TV Hindi
Representational Image Image Source : FILE PHOTO

लखनऊ. पूर्वाचल, बुंदेलखंड और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के बाद उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार 594 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण शुरू करने की तैयारी कर रही है। आदित्यनाथ ने साल 2019 के कुंभ मेले के दौरान मेरठ को प्रयागराज से जोड़ने के लिए गंगा एक्सप्रेस-वे के निर्माण की घोषणा की थी। यह परियोजना पिछले 15 सालों से लंबित है। उत्तर प्रदेश एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) ने इस एक्सप्रेस-वे के निर्माण की योजना 12 पैकेजों में बनाई है।

पढ़ें- एक महीने पहले ही बनकर तैयार हुआ पुल बाढ़ में बहा, उद्घाटन भी नहीं हुआ था

यूपीडा के सीईओ अवनीश अवस्थी ने कहा, "हमने एक्सप्रेस-वे के निर्माण के लिए खुली अंतर्राष्ट्रीय बोलियों को आमंत्रित करने का फैसला लिया है। राज्य सरकार चालू वित्त वर्ष में एक्सप्रेस-वे पर काम शुरू करने और इसे 2023 तक इसे जनता को सौंपना चाहती है।"

पढ़ें- Sunny Leone के बाद पश्चिम बंगाल के कॉलेज की प्रवेश सूची में Neha Kakkar का नाम

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद सरकार ने पूर्वी उत्तर प्रदेश से पश्चिमी उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले राज्य के सबसे लंबे, छह-लेन वाले, आठ लेन तक विस्तार करने की क्षमता वाले, सुविधाओं से लैस एक्सप्रेस-वे पर काम शुरू किया था। यह एक्सप्रेस-वे मेरठ में शंकरपुर गांव के पास एनएच-235 से शुरू होगा और प्रयागराज जिले में सोरांव के पास एनएच-330 पर खत्म होगा।

पढ़ें- कांग्रेस के नए अध्यक्ष को चुनने के लिए कोई जल्दबाजी नहीं की जानी चाहिए: खुर्शीद

सरकार ने परियोजना के लिए 37,350 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं, जिसमें से 9,500 करोड़ रुपये भूमि के अधिग्रहण और बाकी के 24,091 रुपये निर्माण कार्यों पर खर्च किए जाएंगे।

पढ़ें- चीन के साथ बढ़े तनाव के बीच भारतीय नौसेना करने जा रही है ये काम

गंगा एक्सप्रेस-वे की सबसे अनूठी बात यह है कि यह लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे, पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे और बलिया लिंक एक्सप्रेस-वे के माध्यम से राज्य में अन्य एक्सप्रेस-वे को जोड़ेगा। एक बार यह बन जाने के बाद उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेस-वे का कुल नेटवर्क 1,900 किलोमीटर का होगा और यह औद्योगिक और कृषि विकास को गति देने के साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में निवेश को भी आकर्षित करेगा।

पढ़ें- माता वैष्णो देवी के भक्तों के लिए खुशखबरी, एक कॉल कर मंगा सकेंगे प्रसाद

आधिकारिक सूत्रों ने बताया है कि राज्य सरकार ने गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे-किनारे बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण अभियान शुरू करने की भी योजना बनाई है। एक्सप्रेस-वे 12 जिलों - मेरठ, बुलंदशहर, हापुड़, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज से होकर गुजरेगा।

Latest Uttar Pradesh News

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Uttar Pradesh से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत