1. Hindi News
  2. मध्य-प्रदेश
  3. मध्य प्रदेश में जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल स्थगित, स्वास्थ्य मंत्री से मिले आश्वासन के बाद लिया फैसला

मध्य प्रदेश में जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल स्थगित, स्वास्थ्य मंत्री से मिले आश्वासन के बाद लिया फैसला

 Reported By: Anurag Amitabh Edited By: Rituraj Tripathi
 Published : Mar 09, 2026 12:26 pm IST,  Updated : Mar 09, 2026 06:47 pm IST

मध्य प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों के जूनियर डॉक्टरों ने स्वास्थ्य मंत्री से मिले आश्वासन के बाद 16 मार्च तक अपनी हड़ताल स्थगित कर दी है।

medical colleges- India TV Hindi
मेडिकल कॉलेजों के जूनियर डॉक्टर हड़ताल पर Image Source : REPORTER INPUT

भोपाल: स्टाइपेंड में महंगाई भत्ते के संशोधन को लेकर मध्य प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेजों के जूनियर डॉक्टरों ने अपनी हड़ताल स्थगित कर दी है। स्वास्थ्य मंत्री से बातचीत के बाद मिले आश्वासन के बाद उन्होंने 16 मार्च तक हड़ताल वापस लेने का फैसला लिया। इससे पहले मरीज को परेशानी ना हो इसीलिए समानांतर ओपीडी लगाकर स्वास्थ्य सेवाएं दी जा रही थी। आज हड़ताल का पहला दिन था। लेकिन जूनियर डॉक्टरों के हड़ताल वापस लेने से मरीजों को बड़ी राहत मिली है। 

जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन की ये मांग

इससे पहले जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन ने कहा था कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जाती हैं, तब तक ओपीडी में सेवाएं नहीं देंगे। हड़ताल कर रहे जूनियर डॉक्टर हमीदिया अस्पताल परिसर में टेंट लगाकर ओपीडी का संचालन कर रहे थे।

इंडिया टीवी से बात करते हुए जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉक्टर महेंद्र प्रताप सिंह  ने बताया कि सीपीआई आधारित स्टाइपेंड 1 अप्रैल 2025 से लागू होना था लेकिन उसे अब तक लागू नहीं किया गया, जिससे डॉक्टरों में नाराजगी है। अप्रैल 2025 से बकाया एरियर के भुगतान को लेकर भी कोई जानकारी नहीं दी जा रही है।

जूनियर डॉक्टरों के हड़ताल पर जाने के बाद सीनियर डॉक्टर्स ओपीडी सेवाओं से लेकर इमरजेंसी तक का काम देख रहे थे। दरअसल, यह जूनियर डॉक्टर मेडिकल कॉलेजों का आधे से ज्यादा कामकाज करते हैं और इसलिए हड़ताल के पहले दिन भले ही इसका कुछ असर नहीं दिखा। लेकिन हड़ताल वापसी से काफी राहत मिली है।

जानकारों का कहना है कि किसी मेडिकल कॉलेज में जूनियर डॉक्टरों की भूमिका काफी अहम होती है क्योंकि वह व्यवस्था का 60 से 70 फीसदी हिस्सा तक संभालते हैं। ऐसे में अगर सरकार ने डॉक्टरों की मांगे नहीं मानी और ये हड़ताल जारी रही तो मरीजों को काफी समस्या हो सकती है और उनकी जान को भी खतरा हो सकता है। बता दें कि जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन के नेतृत्व में राज्य के डॉक्टरों ने शुक्रवार से शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन शुरू किया हुआ है और वह काली पट्टी बांधकर काम कर रहे हैं। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। मध्य-प्रदेश से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।