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"300 साल बाद हमें इतना सम्मान पहली बार दिया गया", 'हिंद दी चादर' कार्यक्रम के मौके पर बोले संत ज्ञानी हरनाम सिंह

 Written By: Rituraj Tripathi @riturajfbd
 Published : Feb 28, 2026 12:09 pm IST,  Updated : Feb 28, 2026 12:22 pm IST

नवी मुंबई के खारघर में चल रहे 'हिंद दी चादर' कार्यक्रम को लेकर दमदमी टकसाल के मुख प्रधान संत ज्ञानी हरनाम सिंह ने कहा है कि 300 साल बाद हमें इतना सम्मान पहली बार दिया गया।

Hind Di Chadar programme- India TV Hindi
दमदमी टकसाल के मुख प्रधान संत ज्ञानी हरनाम सिंह Image Source : INDIA TV

मुंबई: नवी मुंबई के खारघर में 28 फरवरी और 1 मार्च को 'हिंद दी चादर' कार्यक्रम हो रहा है। इस मौके पर दमदमी टकसाल के मुख प्रधान संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने अपना संदेश साझा किया है और कार्यक्रम के बारे में बताया है। 

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया, "हमारे महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस का बहुत बड़ा सहयोग है। महाराष्ट्र में 29 सितंबर 2025 को वाशी में एक बहुत बड़ा सिख पंथ का समागम था। 40-50 हजार की संख्या में संगत जुड़ी थी। तब श्री गुरु तेग बहादुर साहेब जी की 350वीं शहीदी गुरु पर्व की शताब्दी मनाने हेतु उन लोगों के साथ हमारी बात हुई। तो उन्होंने ये ऐलान किया था कि महाराष्ट्र में हमारी सरकार बनने के बाद हम गुरु तेग बहादुर साहेब जी की 350 साल की शहीदी बहुत बड़े स्तर पर मनाएंगे।"

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया, "6 और 7 दिसंबर को विदर्भ का जो एरिया नागपुर है, वहां गुरु साहेब की शताब्दी के बड़े समागम होंगे। लाखों की संख्या में लोग गुरु का नाम लेंगे।"

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया, "महाराष्ट्र में जो हमारा मराठवाड़ा है, वह इस प्रांत का हृदय है।"

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया, "24 और 25 जनवरी को तक्षश्री हुजूर साहेब की धरती पर 10 से 12 लाख की संगत आई। जैसे नवी मुंबई में अभी 28 फरवरी और एक मार्च को जो अपना खारघर टाउन है, उसमें गुरुद्वारा सिंह सभा है। उसके बाजू में बहुत बड़ा ग्राउंड है। उस ग्राउंड में 28 फरवरी और एक मार्च को गुरु तेग बहादुर साहेब जी की 350 साल की शहीदी शताब्दी और श्री गुरु गोविंद सिंह साहेब जी की 350 साल गुरु पर्व की शताब्दी के समागम होने जा रहे हैं।"

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया, "इसमें 28 फरवरी को देश के गृह मंत्री अमित शाह भी आएंगे। एक मार्च दिन रविवार को देश के पीएम नरेंद्र मोदी भी आएंगे। गोवा, गुजरात और राजस्थान के सीएम भी समागमों में शिरकत करेंगे। 

संत ज्ञानी हरनाम सिंह जी ने बताया कि इतनी खुशी की लहर है कि 300 साल बाद हमें इतना सम्मान पहली बार दिया गया है। हमको साथ लेकर चलने का प्रयास हुआ तो पहली बार हुआ है। 

हरनाम सिंह जी ने कहा कि मैं महाराष्ट्र के सीएम को और जितने भी अन्य मंत्री और विधायक हैं, सभी को मैं बधाई देता हूं कि आपके प्रयास से सभी जो भाईचारे हैं, ऐसे प्रयास हमें आने वाले समय में करने चाहिए।

उन्होंने कहा कि जो गुरु साहब की शताब्दी नवी मुंबई में मनाई जा रही है, और खासकर हमारे सनातन भाई को हर घर से इस कार्यक्रम में आना चाहिए।

उन्होंने कहा कि जो भारत का वासी है, उसका फर्ज बनता है कि वो गुरु साहेब के चरणों में आए। उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र के गांव-गांव में गुरु साहेब की शताब्दी के लिए हर प्राणी मात्र के साथ सरकार उनके साथ जुड़ रही है। उनको शताब्दी पर्व में आने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। उनकी व्यवस्था की जा रही है। गुरु साहेब के चरणों में नतमस्तक हों।

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