1. Hindi News
  2. महाराष्ट्र
  3. शिवसेना का आज 58वां स्थापना दिवस, उद्धव ठाकरे करेंगे विधानसभा चुनाव की शंखनाद तो शिंदे गुट ने बनाया ये प्लान

शिवसेना का आज 58वां स्थापना दिवस, उद्धव ठाकरे करेंगे विधानसभा चुनाव की शंखनाद तो शिंदे गुट ने बनाया ये प्लान

 Published : Jun 19, 2024 07:19 am IST,  Updated : Jun 19, 2024 07:27 am IST

19 जून 1966 को बाला साहेब ठाकरे ने एक राजनीतिक संगठन के रूप में शिव सेना की स्थापना की थी। आज दोनों गुट अपनी-अपनी शक्तियां दिखाएंगे।

उद्धव ठाकरे और एकनाथ शिंदे- India TV Hindi
उद्धव ठाकरे और एकनाथ शिंदे Image Source : FILE-PTI

मुंबईः मुंबईः शिवसेना आज अपना 58वां स्थापना दिवस मना रही है। स्थापना दिवस के मौके पर शिवसेना के दोनो गुट (एकनाथ शिंदे और उद्धव ठाकरे) राजनीतिक कार्यक्रम का आयोजन कर रहे हैं। इस मौके पर उद्धव ठाकरे सभी नवनिर्वाचित सांसदों का अभिवादन करेंगे और विधानसभा चुनाव की शंखनाद करेंगे। मुंबई के षणमुखानंद हॉल में शाम 6 बजे शिवसेना(UBT) द्वारा भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। इस मौके पर उद्धव ठाकरे शिवसेना कार्यकर्ताओं को संबोधित भी करेंगे।

बाला साहेब ठाकरे के स्मारक स्थल का किया दौरा

इससे पहले उद्धव ठाकरे ने मंगलवार को अपने बेटे और महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री आदित्य ठाकरे के साथ दादर में मेयर के बंगले में सेना संस्थापक के स्मारक स्थल का दौरा किया। उन्होंने कहा कि वह अगले साल 23 जनवरी को अपने पिता की जयंती पर स्मारक को जनता के लिए खोलना चाहते हैं।

शिंदे गुट करेगा ये कार्यक्रम

वहीं, शिवसेना शिंदे गुट का मुंबई के वर्ली में कार्यक्रम होगा। सीएम एकनाथ शिंदे बुधवार शाम 5 बजे नेता और कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। शिंदे गुट की शिव सेना की प्रवक्ता मनीषा कायंदे ने कहा कि वे सदस्यता अभियान, मतदाता पंजीकरण अभियान शुरू करेंगे और शिंदे सरकार के दो साल पूरे होने के उपलक्ष्य में योजनाओं की रूपरेखा तैयार करेंगे। उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी ने हाल ही में संपन्न लोकसभा चुनावों में अच्छा प्रदर्शन किया, जिसका मतलब है कि हमारा मतदाता आधार बरकरार है और लोग हमारे पक्ष में हैं।  

 
कब हुई थी शिवसेना की स्थापना

मुंबई में 19 जून 1966 को उद्धव ठाकरे के पिता बाला साहेब ठाकरे ने शिवसेना का गठन किया था। साल 2022 में एकनाथ शिंदे द्वारा कई विधायकों के साथ बगावत के साथ शिवसेना दो गुटों में बंट गई। शिवसेना ने कई बेरोजगार मराठी युवाओं को आकर्षित किया जो ठाकरे की प्रवासी-विरोधी वक्तृत्व कला से आकर्षित थे। शिवसेना की मुख्य विचारधारा हिंदुत्व की रही है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। महाराष्ट्र से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।