1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. 27 लाख बिजली कर्मचारी जा रहे हड़ताल पर, चार्ज कर लीजिए इन्वर्टर, पावर बैकअप का कर लें इंतजाम

27 लाख बिजली कर्मचारी जा रहे हड़ताल पर, चार्ज कर लीजिए इन्वर्टर, पावर बैकअप का कर लें इंतजाम

 Edited By: Sunil Chaurasia
 Published : Jul 02, 2025 05:00 pm IST,  Updated : Jul 02, 2025 06:39 pm IST

AIPEF अध्यक्ष ने कहा, "अगर हड़ताल की वजह से बिजली आपूर्ति प्रभावित होती है तो हम उसके लिए जिम्मेदार नहीं होंगे।"

power supply, electricity supply, strike, Electricity Employees, Electricity workers, Electricity co- India TV Hindi
पूरे देश में प्रभावित हो सकती है बिजली सप्लाई Image Source : FREEPIK

उत्तर प्रदेश में दो पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के निजीकरण के खिलाफ देश भर में काम करने वाले करीब 27 लाख बिजली कर्मचारी 9 जुलाई को हड़ताल करेंगे। ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन (AIPEF) के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड का निजीकरण करने का फैसला किया है। ये वितरण कंपनियां राज्य के 75 में से 42 जिलों में बिजली सप्लाई करती हैं। 

पूरे देश में प्रभावित हो सकती है बिजली सप्लाई

शैलेंद्र दुबे ने कहा, "बिजली कर्मचारियों और इंजीनियरों की राष्ट्रीय समन्वय समिति (NCCOEEE) के आह्वान पर, देश भर के बिजली कर्मचारियों, जूनियर इंजीनियरों और इंजीनियरों ने डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के निजीकरण के विरोध में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन किए हैं।" दुबे ने कहा कि उत्तर प्रदेश की दो बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) के निजीकरण के खिलाफ 9 जुलाई को 27 लाख बिजली कर्मचारियों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है। इतने बड़े पैमाने पर कर्मचारियों के हड़ताल में शामिल होने से देश में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हो सकती है। हड़ताल 9 जुलाई को होनी है, ऐसे में आप अभी से बिजली जाने की स्थिति से निपटने के इंतजाम कर सकते हैं। अगर आप किसी भी तरह के पावर-कट से ज्यादा परेशान नहीं होना चाहते तो आपको पहले से ही इन्वर्टर चार्ज करना होगा या पावर बैकअप के लिए दूसरी व्यवस्था करनी होगी।

पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के निजीकरण का क्यों हो रहा है विरोध

AIPEF अध्यक्ष ने कहा, "अगर हड़ताल की वजह से बिजली आपूर्ति प्रभावित होती है तो हम उसके लिए जिम्मेदार नहीं होंगे।" दुबे ने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड और सरकार के कुछ बड़े अधिकारी चुनिंदा निजी घरानों के साथ मिलीभगत कर रहे हैं। वे लाखों करोड़ रुपये की डिस्कॉम संपत्तियों को निजी घरानों को औने-पौने दामों पर बेचना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि अगर डिस्कॉम का निजीकरण किया गया तो किसान और गरीब लोग कई लाभों से वंचित हो जाएंगे। बिजली कर्मचारी मुख्य रूप से हैदराबाद, तिरुवनंतपुरम, विजयवाड़ा, चेन्नई, बेंगलुरु, मुंबई, नागपुर, रायपुर, भोपाल, जबलपुर, वडोदरा, राजकोट, गुवाहाटी, शिलांग, कोलकाता, भुवनेश्वर, पटना, रांची, श्रीनगर, जम्मू, शिमला, देहरादून, पटियाला, जयपुर, कोटा, हिसार और लखनऊ में विरोध प्रदर्शन करेंगे।

पीटीआई इनपुट्स के साथ

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा