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पुलवामा अटैक के शहीदों की विधवाएं दे रही थीं धरना, घसीट-घसीटकर ले गई पुलिस

 Edited By: Pankaj Yadav @ThePankajY
 Published : Mar 05, 2023 12:54 pm IST,  Updated : Mar 05, 2023 01:06 pm IST

साल 2019 जब पुलवामा अटैक में 40 जवान शहीद हो गए थे। उस वक्त सरकारों ने शहीद के परिवार का ख्याल रखने के लाख वादे किए थे लेकिन अब खबरें कुछ अलग ही निकल कर सामने आ रही हैं। उन शहिदों की पत्नियों ने सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया है।

शहीद सैनिकों की...- India TV Hindi
शहीद सैनिकों की पत्नियों के साथ पुलिस ने की बदसलूकी। Image Source : TWITTER

राजस्थान के जयपुर में पुलवामा अटैक में शहीद हुए सैनिकों की विधवा पत्नियों के साथ राजस्थान पुलिस ने बदसलूकी की है। शायद देश के लिए बलिदान देने का उपहार यहीं है। जो लोग शहीद होकर इस दुनिया से चले गए अब उनकी विधवी पत्नियों के साथ पुलिस द्वारा बदतमीजी की खबरें सामने आ रही हैं। दरअसल ये महिलाएं राजस्थान सरकार के रवैये से परेशान थीं और इनका आरोप है कि सरकार ने उनसे वादाखिलाफी की है। जिसके चलते वे धरने पर बैठीं थीं। लेकिन राजस्थान पुलिस शहीदों की इन विधवाओं को सड़क पर घसीटा और उन्हें वहां से जाने पर मजबूर कर दिया। ये महिलाएं मुख्यमंत्री अशोंक गहलोत से मलने के लिए गुहार लगा रहीं थी लेकिन पुलिस वालों ने इनकी एक न सुनी और उनसे बदसलूकी की। इस दौरान प्रदर्शन कर रही कुछ महिलाओं की तबीयत भी बीगड़ गई।

सांसद किरोणी लाल मीणा ने राज्य सरकार पर साधा निशाना 

इस पूरे मामले को लेकर सांसद किरोणी लाला मीणा ने ट्वीट कर सरकार पर निशाना साधा है। सांसद ने लिखा - आज तीनों वीरांगनाओं के साथ राज्यपाल महोदय @KalrajMishra जी को ज्ञापन देने राजभवन गया था। ज्ञापन सौंपने के बाद वीरांगनाएं मुख्यमंत्री जी से मिलने के लिए मुख्यमंत्री आवास की ओर पहुँची तो पुलिस ने उनके साथ अभद्रता व मारपीट की। इसमें पुलवामा आतंकी हमले में शहीद हुए रोहिताश्व लांबा की पत्नी वीरांगना मंजू जाट घायल हो गईं। उन्हें एसएमएस हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। क्या वीरांगनाओं का प्रदेश के मुखिया से मिलने के लिए उनके सरकारी आवास की ओर जाना गुनाह है, जो पुलिस ने उनके साथ अभद्रता व मारपीट की?

सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप

बता दें कि पिछले कई दिनों से शहीदों की विधवा पत्नियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है। उन्होंने सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया है। जिसके लिए वह कई बार अन्य नेताओं और राज्यपाल को ज्ञापन सौंप चुकी हैं। इस बार ये महिलाएं CM से मलने के लिए मुख्यमंत्री आवास की ओर पहुंची थीं जहां पर पुलिस ने उनके साथ अभद्रता और मारपीट की। पुलिस की मारपीट में शहीद रोहिताश्व लांबा की पत्नी मंजू जाट घायल हो गईं। उन्हें SMS अस्पताल में भर्ती कराया गया है। धरने पर बैठीं महिलाएं मंजू जाट, मधुबाला, सुंदरी देवी और रेणु सिंह हैं।

पुलिस की मारपीट से घायल हुईं मंजू देवी।
Image Source : TWITTERपुलिस की मारपीट से घायल हुईं मंजू देवी।

बिहार में गलवान शहीद के पिता का अपमान

इससे पहले भी शहीदों के परिजनों के साथ अभद्रता की खबरें आ चुकी हैं। बिहार के वैशाली में गलवान घाटी में शहीद हुए एक सैनिक के पिता के साथ बदसलूकी की गई थी। शहीद के पिता के हुए अपमान को लेकर रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने बिहार के CM नीतीश कुमार से फोन पर बातचीत की थी। राजनात सिंह ने इस मामले पर CM को कार्रवाई करने के लिए कहा था। नीतीश कुमार ने इस मामले में बिहार पुलिस को जांच करने के लिए कहा था।

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