1. Hindi News
  2. धर्म
  3. त्योहार
  4. Papmochani Ekadashi 2023: कब है पापमोचनी एकादशी? जानिए डेट, पूजा शुभ मुहूर्त और पारण का समय

Papmochani Ekadashi 2023: कब है पापमोचनी एकादशी? जानिए डेट, पूजा शुभ मुहूर्त और पारण का समय

 Written By: Vineeta Mandal
 Published : Mar 14, 2023 04:15 pm IST,  Updated : Mar 14, 2023 04:15 pm IST

Papmochani Ekadashi 2023 Date: हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का खास महत्व है। पापमोचनी एकादशी व्रत को करने से भगवान विष्णु हर पाप से मुक्ति दिलवाते हैं।

Papmochani Ekadashi 2023- India TV Hindi
Papmochani Ekadashi 2023 Image Source : FILE IMAGE

Papmochani Ekadashi 2023 Vrat Date: पापमोचनी एकादशी का व्रत इस बार 18 मार्च 2023 को रखा जाएगा। यह व्रत हर साल चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को रखा जाता है। हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व बताया गया है। एकादशी के भगवान विष्णु की पूजा का विधान है। मान्यताओं के मुताबिक, पापमोचनी एकादशी का व्रत रखने और विधिवत पूजा करने से व्यक्ति को कई जन्मों के पापों से मुक्ति मिलती है। बता दें कि वर्षभर में 24 एकदाशियां पड़ती हैं, लेकिन जब अधिकमास या मलमास आता है तो इनकी संख्या बढ़कर 26 हो जाती है।

नारद पुराण में स्वयं भगवान श्री कृष्ण ने अर्जुन से इस पापमोचनी एकादशी का बखान किया है। हिंदू धर्म शास्त्रों में कहा गया है कि संसार मेंकोई भी ऐसा मनुष्य नहीं है जिससे जाने-अनजाने कोई गलती नहीं हुआ हो और उसी गलती के पश्चताप के लिए हमें पापमोचनी एकादशी का व्रत करना चाहिए। पापमोचनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के चतुर्भुज रूप की पूजा की जाती है।

पापमोचनी एकादशी शुभ मुहूर्त

  • चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि प्रारंभ- दोपहर 2 बजकर 6 मिनट पर  (17 मार्च 2023)
  • एकादशी तिथि समापन- दोपहर 11 बजकर 13 मिनट पर (18 मारच 2023
  • पापमोचनी एकादशी व्रत तिथि-  18 मार्च 2023
  • व्रत पारण का समय- सुबह 06 बजकर 27 मिनट से सुबह 08 बजकर 07 मिनट तक (19 मार्च 2023)
  •  द्वादशी तिथि का समापन- सुबह 08 बजकर 07 मिनट पर (19 मार्च 2023)

पापमोचनी एकादशी व्रत का महत्व

पापमोचिनी एकादशी के दिन विधि विधान के साथ भगवान नारायण की पूजा करने से सभी कष्टों से छुटकारा मिलता है। इतना ही नहीं विष्णु जी के साथ ही मां लक्ष्मी की कृपा भी प्राप्त होती है। पापमोचिनी एकादशी के दिन विष्णु जी को तुलसी जरूर चढ़ाएं इससे आपका जीवन खुशहाल और सुखमय हो जाएगा। शास्त्रों में पापमोचिनी एकादशी को पापों का अंत करने वाली माना गया है। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। । इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

ये भी पढ़ें-

Kharmas 2023: इस दिन से शुरू हो रहा है खरमास, जानिए कब तक नहीं होंगे मांगलिक कार्यक्रम

Sheetala Ashtami 2023: 14 या 15 मार्च कब है शीतला अष्टमी व्रत? जानिए सही डेट, मुहूर्त और महत्व

Surya Gochar 2023: 15 मार्च को सूर्य कर रहे हैं मीन राशि प्रवेश, ये राशियां होंगी सबसे ज्यादा प्रभावित

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Festivals से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें धर्म