1. Hindi News
  2. धर्म
  3. श्रीकृष्ण पर भी लगा था चतुर्थी का चांद देखने के बाद कलंक, देख लिया तो जानें इससे कैसे बचना है

श्रीकृष्ण पर भी लगा था चतुर्थी का चांद देखने के बाद कलंक, देख लिया तो जानें इससे कैसे बचना है

 Written By: Naveen Khantwal
 Published : Aug 24, 2025 10:51 am IST,  Updated : Aug 24, 2025 10:51 am IST

गणेश चतुर्थी के दिन चंद्रमा के दर्शन करना अच्छा नहीं माना जाता। अगर गलती से आप चंद्रमा को देख लें तो क्या उपाय करने से आपको कलंक दोष से मुक्ति मिल सकती है आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं।

Ganesh Chaturthi- India TV Hindi
गणेश चतुर्थी Image Source : FREEPIK

गणेश चतुर्थी का त्योहार साल 2025 में 27 अगस्त को मनाया जाएगा। इस दिन चंद्रमा को देखना वर्जित माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन चंद्रमा के दर्शन करने पर कलंक लगता यानि आपकी मानहानि होती है। माना जाता है कि भगवान कृष्ण ने भी एक बार भाद्रपद चतुर्थी का चांद देख लिया था जिसकी वजह से उनपर स्यमंतक मणि चुराने का आरोप लग गया था। चतुर्थी के चांद देखने से जब भगवान पर कलंक लग सकता है तो आम लोगों को भी इसकी वजह से मानहानि का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में आज हम आपको बताने वाले हैं कि अगर आप गलती से चतुर्थी का चांद देख लें तो आपको क्या करना चाहिए जिससे आप कलंक से बच सकते हैं। 

चतुर्थी का चांद दिख जाए तो क्या करें?

1.अगर आप गणेश चतुर्थी के दिन गलती से चांद के दर्शन कर लें तो आपको नीचे दिए गए उपाय करने चाहिए। 

चंद्रमा को देखने के बाद नीचे दिए गए मंत्र का जप करने से कलंक दोष से आप बचेंगे।

मंत्र- ‘सिंहः प्रसेनमवधीत् सिंहो जाम्बवता हतः। सुकुमारक मा रोदीस्तव ह्येष स्यमंतकः।’
माना जाता है कि इस मंत्र का जप भगवान कृष्ण के द्वारा तब किया गया था जब उनपर स्यमंतक मणि चोरी करने का झूठा आरोप लगा था। इस मंत्र के प्रभाव से वो कलंक से मुक्ति मिलती है। 

2. गणेश चतुर्थी पर चांद को देखने के बाद कलंक से मुक्ति के लिए आप गणेश जी की विधिवत पूजा भी कर सकते हैं। ऐसा करने से भी कलंक नहीं लगता। आपको गणेश जी की पूजा में मोदक, दुर्वा आदि अर्पित करना चाहिए और इसके बाद गणेश जी के मंत्रों का जप करना चाहिए। गणेश जी के मंत्र 'ॐ एकदंताय विद्महे, वक्रतुंडाय धीमहि, तन्नो दंती प्रचोदयात्' का आप जप कर सकते हैं या फिर गणेश गायत्री मंत्र जप सकते हैं। इससे किसी भी तरह का गलत आरोप आप पर नहीं लगता। चतुर्थी के दिन चंद्रमा का दर्शन करने के बाद आपको गणेश जी से क्षमा याचना भी करनी चाहिए। 

पौराणिक कथा

एक पौराणिक कथा के अनुसार, एक बार गणेश जी अपने वाहन मूषक में बैठकर कहीं जा रहे थे। सफर के दौरान मूषकराज की टक्कर किसी चीज से हुई और भगवान गणेश संतुलन खो बैठे और गिर पड़े। यह सब होते चंद्रमा देख रहे थे और वो गणेश जी पर हंसने लगे। यह देखकर गणेश जी ने चंद्रमा को श्राप दिया कि भाद्रपद शुक्ल चतुर्थी पर चंद्रमा को जो देखेगा उसे कलंक का सामना करना पड़ेगा। वहीं कुछ ग्रंथों में यह भी वर्णित है कि चंद्रमा ने गणेश जी की सूंड और उनके रूप का मजाक उड़ाया था इसलिए गणेश जी ने उन्हें श्राप दिया। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

ये भी पढ़ें:

गणेश चतुर्थी की पूजा में वास्तु के इन नियमों का करें पालन, बप्पा जीवन की हर विघ्न बाधा को करेंगे दूर

Chandra Grahan 2025: शनि की राशि में लगेगा साल का आखिरी चंद्रग्रहण, इन 3 राशियों को बरतनी होगी सावधानी, वरना पछताएंगे

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। धर्म से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।