लाहौर: स्पॉट फिक्सिंग के मामले फंसे मोहम्मद आमिर ने सज़ा काटकर शानदार वापसी की है। एशिया कप और टी20 विशव कप में उनका ऐसा प्रदर्शन रहा कि लोग उनके फ़ैन हो गए। लेकिन उनका बीता हुआ कल उन्हें आज भी परेशान कर रहा है। फिक्सिंग के लगे दाग अभी तक पूरी तरह से छूटे नहीं है। इसी वजह से उनकी ईमानदारी पर गाहे बगाहे सवाल अभी भी उठते रहते हैं लेकिन पाकिस्तान के वनडे कप्तान अज़हर अली ने आमिर का समर्थन करते हुए कहा है कि जो भी हुआ वह सब भूल जाना चाहिए।
पाकिस्तान को जुलाई में इंग्लैंड का दौरा करना है जहां वह 4 टेस्ट, 5 वनडे और एक टी-20 मैच खेलेगी। 24 वर्षीय आमिर को इस दौरे के लिए पाकिस्तान क्रिकेट टीम के हथियार के रूप में देखा जा रहा है।
गौरतलब है कि आमिर से पिछले साल सितम्बर में प्रतिबन्ध हटा लिया गया था।
अली ने स्वीकार किया कि स्पॉट फिक्सिंग एक बुरे साए की तरह आमिर के पीछे पड़ा हुआ लेकिन अब वह सब बीती बात हो चुकी है और हम बीती हुई बातों को भूलकर आगे बढ़ना चाहते हैं। अली ने कहा कि पूरी टीम इस वक़्त आमिर के साथ है और उसे फिर से वापसी कराने के लिए तत्पर है।

गौरतलब है कि 2010 में आमिर, तत्कालीन टेस्ट कप्तान सलमान बट्ट और मोहम्मद आसिफ पर लॉर्डस टेस्ट में नो बॉल करने के लिए पैसे लेने के आरोप लगे थे जो जांच में सही भी पाए गए थे।
लेकिन सलमान बट्ट और मोहम्मद आसिफ को वापसी के लिए अभी और इंतज़ार करना पड़ सकता है। क्योंकि इन दोनों के नाम पर अभी भी पूर्व खिलाड़ियों और आवाम का गुस्सा शांत नहीं हुआ है।
टी20 विश्व कप में सलमान बट्ट के चयन की बात को लेकर ही PCB का काफी विरोध हुआ था। हालांकि पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और क्रिकेट टीम के मुख्य चयनकर्ता इंज़माम-उल-हक़ ने सलमान बट्ट और मोहम्मद आसिफ का समर्थन करते हुए कहा था कि इन्हें भी मौका मिलना चाहिेए।