पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अंदर अक्सर वहां की रूलिंग पॉवर का हस्तक्षेप होता है। हाल ही में जका अशरफ ने भी जब चेयरमैन का पद संभाला तो कहा जा रहा था कि वह प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ के करीबी हैं। अब एक बार फिर से कुछ ऐसा हुआ है कि पाकिस्तान क्रिकेट में बवाल मच गया है। पाकिस्तान को 1992 में अपनी कप्तानी में वर्ल्ड चैंपियन बनाने वाले और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की अनदेखी का मुद्दा गर्म हो गया है। दरअसल पीसीबी ने 14 अगस्त के दिन ट्विटर पर पाकिस्तान क्रिकेट के इतिहास का एक वीडियो शेयर किया था। इस वीडियो में कहीं भी इमरान खान को नहीं दिखाया गया। इसके बाद उनकी अनदेखी की बात सामने आने लगी। अब 1992 वर्ल्ड कप विजेता टीम का हिस्सा रहे वसीम अकरम ने इसको लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है।
वसीम अकरम ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की इस हरकत पर गुस्सा जताया और अपने ट्विटर प्रोफाइल पर पोस्ट करते हुए अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने पीसीबी की इस हरकत को अपनी जिंदगी का सबसे बड़ा शॉक भी कहा। इससे पहले इमरान की अनदेखी पर सोशल मीडिया पर भी लोगों ने नाराजगी जताई थी। पीसीबी ने 14 अगस्त को दो मिनट 20 सेकंड का वीडियो पोस्ट किया था जिसमें इमरान कहीं नजर नहीं आ रहे ते। वह 1992 में वनडे विश्व कप जीतने वाली पाकिस्तानी टीम के कप्तान थे। पाकिस्तान में इमरान की इतनी लोकप्रियता है कि पीसीबी के इस कदम पर पाकिस्तान में ‘शेम ऑन पीसीबी’ ट्विटर पर ट्रेंड होने लगा ।
वसीम अकरम ने अपने ट्विटर पोस्ट में लिखा कि, यह मेरी जिंदगी का सबसे बड़ा शॉक था जब मैंने देखा कि पाकिस्तान क्रिकेट ने इमरान खान को ही अपने इतिहास से मिटा दिया। राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं लेकिन इमरान खान वर्ल्ड क्रिकेट के आइकन हैं इसे कोई नहीं भूल सकता। उन्होंने अपने करियर में पाकिस्तान को एक मजबूत टीम भी बनाया था। पीसीबी को तुरंत यह वीडियो डिलीट करना चाहिए और इसके लिए माफी भी मांगनी चाहिए। अकरम से पहले पीसीबी के पूर्व चेयरमैन खालिद महमूद ने भी ऐसा करने के लिए पीसीबी को फटकारा था। उन्होंने भी कहा था कि वीडियो को तुरंत हटाना चाहिए।
पाकिस्तान की तहरीक ए इंसाफ पार्टी, पीटीआई के संस्थापक इमरान खान पांच अगस्त से पंजाब प्रांत की एटोक जेल में बंद हैं। उन्हें भ्रष्टाचार के एक मामले में तीन साल की सजा सुनाई गई थी। पाकिस्तान चुनाव आयोग ने उन्हें अगले पांच साल के लिए राजनीति से अयोग्य भी करार दिया है। पीटीआई ने हाल ही में शिकायत की थी कि इमरान को जेल में भी बदतर हालात में रखा गया है।
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