The Haryana Police has recovered a huge cache of arms and ammunition from the headquarters of Dera Sacha Sauda in Haryana’s Sirsa – the area which witnessed maximum violence on August 25 after Ram
सिरसा में मौजूद बाबा राम रहीम के सीक्रेट महल का खुलासा हुआ है। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में यह चौंकाने वाली रिपोर्ट सौंपी गई है। इस रिपोर्ट से कई हैरतअंगेज़ जानकारियां सामने आई हैं
खुफिया कैमरा राम रहीम के बटन पर लगा होता था। कभी वो छोटा सा सीक्रेट कैमरा राम रहीम के पॉकेट की जेब से सामने वाले को चुपचाप कैद कर रहा होता था तो कभी वो खुफिया कैमरा उस आसन पर होता था जिसमें बैठकर राम रहीम प्रवचन दिया करता था, जहां पर बैठकर वो बड़ी-बड
बाबा और विपासना एक दूसरे को देर तक देखते रहे। आंखों ही आंखों में दोनों में बात हुई लेकिन पास आते ही विपासना ने बलात्कारी राम-रहीम को कुछ ऐसी बातें बतायीं जिसके बारे में बाबा ने अपनी 50 साल की जिंदगी में ना देखा था और ना ही सुना था। डेरा सच्चा सौदा की
राम रहीम और हनीप्रीत के खिलाफ पुलिस ने अब एक ऐसे मामला खोल दिया है जिससे दोनों का जेल से बाहर आना नामुमकिन हो जाएगा...
अगर हनीप्रीत डेरे का काम संभालेगी तो उसकी जान को भी खतरा बना रहेगा। राम रहीम के परिवार वाले भी हनीप्रीत के लिए मुश्किलें पैदा करेंगे। मतलब ये कि हनीप्रीत के जेल से बाहर आने के साथ ही उसकी परेशानियां बढ़ जाएगी इसलिए परिवारवाले चाहते हैं कि हनीप्रीत सर
Aaj Ka Viral: Honeypreet was planning to spread violence during Ram Rahim's arrest
खबर के मुताबिक गुरमीत राम रहीम की कनाडा और मिडिल ईस्ट के कुछ देशों में कई जगहों पर जमीन और बिल्डिंग्स खरीद चुका है। हनीप्रीत विदेश में फिल्मों की शूटिंग के लिए स्टूडियो बनाना चाहती थी साथ ही पर्यटकों के लिए रिसॉर्ट खोलने की तैयारी कर रही थी। सोशल मीड
सवाल तो ये है कि पंचकूला हिंसा की प्लानिंग कहां हुई और पैसा कहां से आया? डेरा समर्थकों के पास हथियार कहां से आए? आगजनी के लिए उन्हें पेट्रोल बम किसने दिए? हनीप्रीत तो राम रहीम के साथ थी तो डेरा समर्थकों को आदेश कौन दे रहा था? बलात्कारी राम रहीम को सज
बलात्कारी राम रहीम और उसके डेरे से जुड़ी ऐसी ख़बर पर है जिसे सुनकर आप हैरत में पड़ जाएंगे। ये सब जानते हैं कि बाबा राम रहीम सलाखों के पीछे कैद है लेकिन...
जब वो जले पहुंची थी तब वो जेल के खाने को हाथ तक नहीं लगाती थी लेकिन अब वो आम कैदियों की तरह खुशी खुशी जेल के खाने को खा भी रही है। पहले वो दिन भर अपने सेल के अंदर ही बैठी रहती थी कभी बाहर नहीं आती थी लेकिन पिछले दो तीन दिनों से वो जेल के अंदर चहलकदमी
आखिर जसमीत को ऐसे प्रेस नोट जारी करने की जरूरत क्यों पड़ी? क्या डेरे में सबकुछ ठीक चल रहा है? क्या राम रहीम के कहने पर जसमीत ने ऐसा कहा? खबरों के मुताबिक, इस पूरे एपीसोड के पीछे है जसमीत की दादी और राम रहीम की मां नसीब कौर। दरअसल नसीब कौर चाहती है कि
दावा ये भी किया जा रहा है कि ये फैसला बलात्कारी राम रहीम के सहमति के बाद ली गई है। बताया ये जा रहा है कि जब बाबा का परिवार राम रहीम से मिलने जेल गया था उसी दौरान बाबा ने कहा था कि डेरे की कमान बेटे जसमीत को दे दी जाए। मतलब कि हनीप्रीत का खेल खत्म हो
बलात्कारी राम रहीम और उसकी लाडली हनीप्रीत की तिकड़मबाजी पर एक ऐसा खुलासा है जिसे सुनकर आपका दिमाग हिल जाएगा। सोशल मीडिया में ये खुलासा हुआ है कि...
सोशल मीडिया के दावे हैरान करने वाले हैं। राम रहीम के परिवार का एक साथ जेल के अंदर जाना, राम रहीम से बातचीत करना और फिर ये कहना कि बाबा के सारे गुनाहों की जिम्मेदार हनीप्रीत है, इन बातों का मतलब तो यही निकलता है कि राम रहीम के परिवार वाले हनीप्रीत को
बाबा की रंगीन दिवाली का सारा जिम्मा हनीप्रीत के पास ही थी। कभी डेरे में रहे हंसराज चौहान के मुताबिक हनीप्रीत दिवाली वाली रात बाबा के लिए खास तौर से दीपों वाली लड़कियों का इंतजाम करती थी। दीप वाली लड़कियां आश्रम की वो साध्वियां और होस्टल में रहने वाली
सोशल मीडिया में दावा किया जा रहा है कि दोनों की बीच खूब लड़ाई हुई। पंचकुला हिंसा के सबूत की तलाश में पुलिस ने हनीप्रीत और विपासना को आमने सामने बिठा कर सवाल पूछे। पुलिस को शक है कि पंचकुला हिंसा की साजिश 17 अगस्त की एक मीटिंग में रची गई थी। पूछताछ के
सोशल मीडिया के दावे हैरान करने वाले हैं। इन दावों पर यकीन करना मुश्किल है। अगर बाबा को पहले से सबकुछ पता था तो वो जेल के अंदर बेचैन क्यों है। वो क्यों रो रहा है। बार बार हनीप्रीत से मिलने की गुहार क्यों लगा रहा है। अगर हनीप्रीत ने जेल में साथ जाने का
जेल के अंदर हनीप्रीत और सुखदीप दोनों को एक ही जगह रखा गया है। ज्यादातर समय दोनों आपस में बात करते नजर आई। जब हनीप्रीत को जेल का खाना दिया गया तो एक-दो निवाला ही हनीप्रीत खा सकी। रात को सोने से पहले हनीप्रीत ने आरओ का पानी पीया। शुक्रवार को हनीप्रीत क
कहा जाता है कि डेरे के अंदर विपासना और हनीप्रीत में छत्तीस का आंकड़ा था। हनीप्रीत राम रहीम की सबसे करीबी थी। वो चाहती थी कि डेरा का पूरा अधिकार उसे दिया जाए लेकिन राम रहीम को विपासना की क्षमता पर ज्यादा भरोसा था। पुलिस जानना चाहती थी कि पंचकूला हिंसा
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