कोलकाता: भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने रविवार को कहा कि घुसपैठ जैसे मुद्दों से प्रभावी ढंग से निपटने और ‘जनसांख्यिकी में बदलाव’ से बचने के लिए सभी राजनीतिक दलों को पश्चिम बंगाल में राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) लागू करने का समर्थन करना चाहिए। पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता ने यहां संवाददाताओं से कहा कि भाजपा शासित राज्य राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) लागू करने के पक्ष में हैं, लेकिन पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस सरकार का इससे इनकार करना, हैरान करने वाला है और यह घुसपैठ रोकने के प्रति उनकी उदासीनता को दर्शाता है।
'NRC से जिहादी तत्वों का लगेगा पता'
सुवेंदु अधिकारी ने आगे कहा, ‘‘देखिए कि अंसारुल्ला बांग्ला जैसे बांग्लादेशी आतंकवादी संगठन बंगाल के जिलों में कैसे अपना आधार फैला रहे हैं। देखिए कि कैसे जनसांख्यिकी बदल रही है, खासकर सीमावर्ती जिलों में। पुलिस और राज्य प्रशासन क्या कर रहे हैं, वे आंखें फेरे हुए बैठे हैं।’’ उन्होंने कहा कि एनआरसी के सख्त कार्यान्वयन से ही ‘‘घुसपैठियों’’ को बाहर निकाला जा सकता है और ‘विध्वंसक गतिविधियों को अंजाम देने वाले जिहादी तत्वों’ का पता लगाया जा सकता है।
'सभी दलों को करना चाहिए समर्थन'
सुवेंदु अधिकारी ने कहा, ‘‘सभी राजनीतिक दलों को एनआरसी का समर्थन करना चाहिए। 2026 के विधानसभा चुनावों में जब भाजपा सत्ता में आएगी, तो हम बंगाल में एनआरसी लागू करेंगे।’’ सुवेंदु अधिकारी ने नकारात्मक टिप्पणी करके और हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाकर ‘‘महाकुंभ जैसे पवित्र आयोजन का अपमान’’ करने के लिए सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस की भी आलोचना की।
TMC ने बताया ध्रुवीकरण की राजनीति
वहीं तृणमूल कांग्रेस महासचिव कुणाल घोष ने कहा कि सुवेंदु अधिकारी जैसे नेता एनआरसी के मुद्दे पर जोर दे रहे हैं जिसका उद्देश्य राजनीतिक कारणों से समाज का ध्रुवीकरण करना है। कुणाल घोष ने कहा, ‘‘एनआरसी वास्तविक नागरिकों को शिविरों में भेज देगा और समाज के एक वर्ग को अलग-थलग कर देगा। हम ऐसा नहीं होने देंगे।’’ (इनपुट- पीटीआई)
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