आयरलैंड के सबसे बड़े आपराधिक नेटवर्क में से एक किनाहन कार्टेल के सरगना डैनियल किनाहन (Daniel Kinahan) को दुबई में गिरफ्तार कर लिया गया है। आयरलैंड की राष्ट्रीय पुलिस बल, गार्डा सियोचाना ने बताया कि डैनियल किनाहन को बुधवार को गिरफ्तार किया गया। यह गिरफ्तारी आयरिश कोर्ट से जारी वारंट के आधार पर और गंभीर संगठित अपराधों में शामिल होने के आरोप में की गई है।
आयरिश भगोड़ा गिरफ्तार- दुबई पुलिस
पुलिस बल ने कहा, 'वे इस बात पर पूरी तरह से अडिग हैं कि जो लोग गंभीर संगठित आपराधिक गतिविधियों में शामिल हैं, वे चाहे कहीं भी चले जाएं, हम उनका पीछा करेंगे और उन्हें पकड़ेंगे।' दुबई पुलिस ने बताया कि उन्होंने एक अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध नेटवर्क में भूमिका निभाने के आरोप में एक आयरिश भगोड़े को गिरफ्तार किया है।
लगातार बदल रहा था ठिकाने
अधिकारियों के मुताबिक, किनाहन पिछले कई सालों से लगातार ठिकाने बदलकर गिरफ्तारी से बचता रहा। आयरलैंड में गैंगवार और संगठित अपराध से जुड़े मामलों में वांछित होने के बाद वह पहले स्पेन और फिर दुबई में रह रहा था। लंबे समय से उस पर नजर रखी जा रही थी और उसके खिलाफ विभिन्न देशों की एजेंसियां सबूत जुटा रही थीं।
कोर्ट से जारी हुआ था गिरफ्तारी वारंट
बताया जा रहा है कि आयरलैंड की कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बाद दुबई पुलिस ने विशेष टीमों के साथ संयुक्त कार्रवाई की और उसे हिरासत में ले लिया। यह ऑपरेशन पूरी तरह गोपनीय रखा गया था, ताकि आरोपी को भनक न लगे और वह फिर से फरार न हो सके। पुलिस ने 40 साल वर्षीय किनाहन की पहचान उसके नाम से जाहिर नहीं की है। हालांकि, आयरलैंड के राष्ट्रीय प्रसारक, RTE ने इस बात की पुष्टि की कि गिरफ्तार किया गया व्यक्ति वही है।
नशीले पदार्थों की तस्करी में भी था शामिल
डबलिन स्थित हाई कोर्ट ने इससे पहले किनाहन को जो फिलहाल संयुक्त अरब अमीरात में रहता है। एक ऐसे संगठित अपराध गिरोह का एक प्रमुख सदस्य बताया था, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नशीले पदार्थों की तस्करी और हथियारों से जुड़े अपराधों में शामिल है।
कई गिरोहों के बीच चल रही थी आपसी रंजिश
किनाहन कार्टेल और उसके प्रतिद्वंद्वी हच गिरोह के बीच चल रही आपसी रंजिश को 2015 से अब तक आयरलैंड में हुई 18 हत्याओं से जोड़ा गया है। साल 2016 में किनाहन कार्टेल के एक सहयोगी डेविड बर्न की डबलिन के रीजेंसी होटल में आयोजित एक बॉक्सिंग 'वेट-इन' (वजन तौलने के कार्यक्रम) के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। अधिकारियों का मानना है कि इस हमले का असली निशाना किनाहन ही था।