Monday, February 23, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अन्य देश
  4. पुतिन के बाद नेतन्याहू ने भी गहरी की ट्रंप से दोस्ती, गाजा संघर्ष विराम को आगे बढ़ाने में फिर मानेंगे अमेरिकी प्रस्ताव

पुतिन के बाद नेतन्याहू ने भी गहरी की ट्रंप से दोस्ती, गाजा संघर्ष विराम को आगे बढ़ाने में फिर मानेंगे अमेरिकी प्रस्ताव

Edited By: Dharmendra Kumar Mishra @dharmendramedia Published : Mar 02, 2025 11:29 am IST, Updated : Mar 02, 2025 11:29 am IST

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू लगातार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ करीबी बढ़ा रहे हैं। इजरायल गाजा संघर्ष विराम को और आगे बढ़ाने के लिए नेतन्याहू ने अमेरिकी प्रस्ताव को मानने की बात कही है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू। - India TV Hindi
Image Source : AP अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू।

काहिरा: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू भी रूस के राष्ट्रपति पुतिन की तर्ज पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ अपनी दोस्ती को गहरा कर रहे हैं। नेतन्याहू ने गाजा संघर्ष विराम को आगे बढ़ाने के लिए अमेरिका के प्रस्ताव पर सहमति व्यक्त की है। नेतन्याहू की सरकार ने रविवार को कहा कि वह गाजा में संघर्ष विराम के प्रथम चरण को रमजान और यहूदी पर्व ‘पासओवर’ तक बढ़ाने के प्रस्ताव का समर्थन करती है। हमास ने हालांकि संघर्ष विराम के दूसरे चरण पर बातचीत करने पर जोर दिया है।

प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय की ओर से यह बयान पहले चरण के संघर्ष विराम के समाप्त होने के कुछ ही मिनटों बाद आया। दूसरे चरण के संघर्ष विराम के लिए बातचीत शुरू हो गई है जिसका उद्देश्य युद्ध को समाप्त करना और गाजा में बंधक बनाए गए सभी शेष जीवित लोगों को छोड़ना है। बयान में इस बारे में नई जानकारी दी गई है जिसे इजराइल ने अमेरिकी प्रस्ताव बताया है । इसमें कहा गया है “पासओवर या 20 अप्रैल तक संघर्ष विराम को आगे बढ़ाया जाएगा। पहले दिन, आधे बंधकों को, चाहे वे जीवित हों या मृत, छोड़ा जाएगा।

संघर्ष विराम आगे बड़ा तो रिहा होंगे कैदी

अगर स्थायी युद्ध विराम पर सहमति बन जाती है तो बाकी को रिहा कर दिया जाएगा।” बयान में कहा गया कि यह प्रस्ताव इसलिए रखा गया क्योंकि अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ को “यह आभास हुआ कि इस स्तर पर युद्ध समाप्त करने के लिए पक्षों के बीच सहमति बनने की कोई संभावना नहीं है, तथा स्थायी युद्ध विराम पर बातचीत के लिए अधिक समय की जरूरत है।” हमास की ओर से तत्काल कोई टिप्पणी नहीं आई है। हमास ने पहले संघर्ष विराम के पहले चरण को 42 दिनों के लिए बढ़ाने के इजराइली प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था। समूह के एक सदस्य ने नाम न जाहिर करने की शर्त पर कहा था कि ऐसा करना संघर्ष विराम समझौते की शर्तों के खिलाफ है।

दूसरे चरण के युद्ध विराम वार्ता में ये देश रहे शामिल

इजरायल के अधिकारी और मध्यस्थ कतर, मिस्र और अमेरिका के अफसर काहिरा में युद्ध विराम के दूसरे चरण को शुरू करने की बातचीत में शामिल रहे हैं। लेकिन हमास के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य बासम नईम ने ‘एसोसिएटेड प्रेस’ को बताया कि बातचीत में "कोई प्रगति" नहीं हुई है और शुक्रवार को इजरायली वार्ताकार स्वदेश लौट गए। हमास इसमें शामिल नहीं हुआ, लेकिन मिस्र और कतर के मध्यस्थों के माध्यम से उसे इसकी स्थिति को बताया गया। संघर्ष विराम समझौते की शर्तों के अनुसार, दूसरे चरण पर बातचीत जारी रहने तक लड़ाई फिर से शुरू नहीं की जाए। इजरायल के नए बयान में कहा गया है कि अगर उसे लगता है कि वार्ता अप्रभावी है तो वह लड़ाई फिर से शुरू कर सकता है। इसमें हमास द्वारा पहले चरण के विस्तार के प्रस्ताव को स्वीकार करने से इनकार करने का भी उल्लेख किया गया है। (एपी)

Latest World News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Around the world से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश

Advertisement
Advertisement
Advertisement