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अमेरिका और जापान के साथ ‘जंग की प्रैक्टिस’ करने के लिए रवाना हुए 3 भारतीय जहाज

 Reported By: Bhasha
 Published : May 10, 2018 07:09 pm IST,  Updated : May 10, 2018 07:09 pm IST

रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारतीय नेवी ने इस प्रैक्टिस में अपने 3 जहाजों के हिस्सा लेने के लिए सिंगापुर से रवाना किया...

File Photo of Malabar Exercise | AP Photo- India TV Hindi
File Photo of Malabar Exercise | AP Photo

सिंगापुर: प्रशांत महासागर में गुआम के तट के पास अमेरिकी एवं जापानी नौसेना के साथ आगामी ‘मालाबार’ अभ्यास में हिस्सा लेने के लिए भारतीय नौसेना के 3 जहाज रवाना हो गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारतीय नेवी ने इस अभ्यास में अपने 3 जहाजों के हिस्सा लेने के लिए सिंगापुर से रवाना किया। इस मौके पर सिंगापुर में भारत के उच्चायुक्त जावेद अशरफ ने कहा कि ईस्टर्न टीम का बेड़ा समुद्रों को ‘शांतिपूर्ण, खुला क्षेत्र और अविवादित’ बनाए रखने की दिशा में भारत की प्रतिबद्धता एवं उद्देश्य को जारी रखे हुए है।

उन्होंने कहा,‘ये जहाज अमेरिका एवं जापान की नौसेनाओं के साथ मालाबार अभ्यास के लिए रास्ते में हैं और उनमें से एक INS सहयाद्रि ‘रिम्पैक’ अभ्यास में हिस्सा लेगा। ‘रिम्पैक’ या रिम ऑफ पैसिफिक अभ्यास कई देशों की नौसेनाओं द्वारा किया जा रहा सबसे बड़ा समुद्री अभ्यास है। अमेरिकी नौसेना हवाई के पास प्रशांत महासागर में हर 2 साल में एक बार इस अभ्यास का आयोजन करती है। भारत-अमेरिका-जापान का संयुक्त नौसेना अभ्यास क्षेत्र में चीन की बढ़ती आक्रामकता के बीच हो रहा है। मालाबार अभ्यास के तहत तैनाती के दौरान भारतीय जहाज थाइलैंड, मलेशिया और वियतनाम की नौसेनाओं के साथ भागीदारी एवं करीबी संबंधों का निर्माण करेंगे।

उच्चायुक्त ने प्रमुख समुद्री शक्तियों के साथ शानदार संबंधों के निर्माण पर जोर देते हुए कहा,‘एक तरह से क्षेत्र में हमारी सक्रियता नियमित अभ्यासों के साथ बढ़ रही है।’ सिंगापुर की नौसेना के साथ अभ्यास के लिए INS सहयाद्रि और INS कमोर्ता और साथ ही टैंकर INS शक्ति 730 नौसेना कर्मियों सहित 3 दिन के लिए यहां थे। अशरफ ने दोनों देशों के नौसैनिक संबंधों को रेखांकित करते हुए कहा,‘सिंगापुर के साथ हम अपना सबसे लंबा एवं निर्बाध अभ्यास करते रहे हैं जो पिछले 25 सालों से जारी है।’

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