पटना: प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी (JSP) को बांकीपुर उपचुनाव से पहले बड़ा झटका लगा है। पार्टी के कई सीनियर नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बुधवार को पटना में BJP कार्यालय में आयोजित एक औपचारिक कार्यक्रम में भाजपा जॉइन कर ली। बिहार भाजपा के अध्यक्ष संजय सरावगी ने जन सुराज से आए नए सदस्यों का पार्टी में औपचारिक रूप से स्वागत किया। राज्य अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि BJP की नीतियों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व से प्रेरित होकर जन सुराज के कई नेताओं ने भाजपा जॉइन किया है।
जन सुराज के कितने नेता भाजपा में शामिल हुए
जन सुराज के कई प्रमुख नेताओं, जिनमें दीघा से पूर्व उम्मीदवार बिट्टू सिंह, मेयर पद की उम्मीदवार विनीता बिट्टू, कुम्हरार से उम्मीदवार KC सिन्हा और मनेर से उम्मीदवार गोपाल सिंह शामिल हैं। इन नेताओं ने पटना में आधिकारिक तौर पर भाजपा जॉइन किया। उनके साथ बड़ी संख्या में जन सुराज के कार्यकर्ताओं ने भी भाजपा की सदस्यता ली। भाजपा जॉइन करने के बाद बिट्टू सिंह ने कहा, "मैं अब BJP नहीं छोड़ूंगा; मैं यहीं रहूंगा और यहीं मरूंगा।"
जन सुराज के नेताओं ने पीके पर साधा निशाना
जन सुराज से भाजपा में आए बिट्टू सिंह ने कहा, मुझे BJP की विचारधारा और नेतृत्व पर पूरा भरोसा जताया और मैं अब पूरी निष्ठा के साथ पार्टी के लिए काम करूंगा। वहीं, जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर पर निशाना साधते हुए गोपाल सिंह ने कहा, "वहां कोई विजन नहीं है। एक अहंकारी व्यक्ति संगठन नहीं चला सकता।" गोपाल सिंह ने भाजपा को एक मजबूत संगठन बताया और पूरी प्रतिबद्धता के साथ इसे और मजबूत करने के लिए काम करने का संकल्प लिया।
बिहार की सियासत में बड़ी हलचल
जन सुराज के कई प्रमुख नेताओं का BJP में शामिल होना बिहार की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम माना जा रहा है। पार्टी इसे अपने संगठन के विस्तार की कोशिशों में एक बड़ी कामयाबी के तौर पर देख रही है। बिहार भाजपा ने X पर कहा, "इतनी बड़ी संख्या में लोगों का पार्टी में शामिल होना, NDA सरकार के एक समृद्ध बिहार और विकसित भारत बनाने के संकल्प को दिखाता है। BJP परिवार में शामिल होने वाले सभी सम्मानित जन-प्रतिनिधियों का हार्दिक स्वागत और अभिनंदन।"
बांकीपुर में 30 जुलाई को है उपचुनाव
बिहार की सियासत में यह घटनाक्रम 30 जुलाई को होने वाले बांकीपुर उपचुनाव से पहले हुआ है, जिसमें जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर, भाजपा उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा को चुनौती दे रहे हैं। किशोर का मकसद इस सीट पर BJP की जीत का सिलसिला तोड़ना है। चार बार भाजपा के विधायक रहे नितिन नवीन के राज्यसभा के लिए चुने जाने के बाद यह सीट खाली हो गई थी, जिसके कारण उपचुनाव कराना पड़ा है।
(इनपुट-ANI)
ये भी पढ़ें:
प्रशांत किशोर कितनी संपत्ति के मालिक हैं? बांकीपुर उपचुनाव के लिए दाखिल शपथपत्र में दी जानकारी