मॉनसून केरल पहुंच गया है और भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 25 से 30 जून के बीच दिल्ली- एनसीआर में दस्तक दे सकता है। मौसम विभाग के मॉनसून मैप के मुताबिक, दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद में मॉनसून के जून के आखिरी सप्ताह में पहुंचने की संभावना है। इसी के साथ मॉनसून दिल्ली से सटे हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ के कुछ हिस्सों में भी आगे बढ़ेगा। आईएमडी का कहना है कि मॉनसून के सक्रिय होने से हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के कुछ इलाकों में तेज बारिश होने की संभावना है।
पिछले साल कब दिल्ली पहुंचा था मॉनसून?
पिछले साल दक्षिण-पश्चिम मॉनसून सामान्य तारीख 27 जून की जगह दो दिन की देरी से 29 जून को दिल्ली पहुंचा था। इस साल भी फिलहाल मॉनसून के दिल्ली पहुंचने का संभावित तारीख 29-30 जून है। इस साल भी यह समय से देरी से ही पहुंचने वाला है।
मौसम विभाग का कहना है कि मॉनसून की वास्तविक प्रगति अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आने वाली मौसमी हवाओं, निम्न दबाव के क्षेत्रों और अन्य मौसम प्रणालियों पर निर्भर करेगी इसलिए आने वाले दिनों में मॉनसून के पूर्वानुमान में कुछ बदलाव हो सकता है।
आज कैसा रहेगा दिल्ली का मौसम
मौसम विभाग के मुताबिक आज यानी शनिवार को दिल्ली के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है। हवा की रफ्तार 40-50 किमी प्रति घंटे रह सकती है। विभाग के मुताबिक कुछ स्थानों पर हवा की गति 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। राष्ट्रीय राजधानी में शनिवार को अधिकतम तापमान 35 से 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 से 26 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।
गुरुवार को हुई थी झमाझम बारिश
दिल्ली-एनसीआर में गुरुवार को झमाझम बारिश हुई जो कहा जा रहा है कि पश्चिमी विक्षोभ के एक्टिव होने का असर था। बारिश के बाद शुक्रवार को भी गर्मी से राहत मिली। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, दिल्ली के बेस स्टेशन सफदरजंग में शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस, अधिकतम तापमान 35.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
केरल कब पहुंचा मॉनसून
4 जून, गुरुवार को केरल में मानसून ने दस्तक दी थी। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बताया है कि मानसून अब तेजी से अपना दायरा बढ़ा रहा है और दक्षिण और तटीय भारत के कुछ हिस्सों में व्यापक बारिश हो रही है। जहां दक्षिण भारत मानसून के प्रभाव में है, वहीं उत्तर और मध्य भारत मानसून से पहले की भीषण गर्मी का सामना कर रहे हैं।
कहां कहां चलेगी लू?
बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में आने वाले दिनों में लू की स्थिति बन सकती है। लू की लहर अत्यधिक गर्म मौसम में दिन का तापमान अक्सर 34 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच रहता है, इसलिए पानी और छाछ जैसे ठंडे पेय पदार्थों का सेवन करके शरीर में पानी की कमी न होने देना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही अपने जिले के लिए जारी आधिकारिक बुलेटिनों पर नजर रखें ताकि आप आने वाले मौसम के लिए तैयार रहें।