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मेरी लड़ाई AAP, TMC या कांग्रेस से नहीं बल्कि बाबुश से है: उत्पल पर्रिकर

उत्पल ने यह भी कहा कि गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत भले कह रहे है कि मुझे बीजेपी ने चुनाव लड़ने के लिए 2 या 3 सीट से ऑफर दिया लेकिन हकीकत ऐसी नहीं है।

Jayprakash Singh Reported by: Jayprakash Singh @jayprakashindia
Updated on: January 28, 2022 16:52 IST
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Image Source : ANI बीजेपी के दिवंगत नेता मनोहर पर्रिकर के पुत्र उत्पल पर्रिकर ने पणजी सीट से अपना नामांकन दाखिल कर दिया।

Highlights

  • उत्पल ने बीजेपी से बगावत करके पार्टी के प्रत्याशी के खिलाफ एक निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर पर्जा भरा।
  • उत्पल पर्रिकर ने दावा किया कि अगर वह चुनाव जीत जाते हैं तब भी भारतीय जनता पार्टी में नहीं जाएंगे।
  • उत्पल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने मुझे पणजी सीट नहीं दी जहां से मेरे पिताजी चुनाव जीते थे।

पणजी: गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी के दिवंगत नेता मनोहर पर्रिकर के पुत्र उत्पल पर्रिकर ने गुरुवार को पणजी सीट से अपना नामांकन दाखिल कर दिया। उत्पल ने बीजेपी से बगावत करके पार्टी के प्रत्याशी के खिलाफ एक निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर पर्जा भरा। पर्चा भरने के बाद इंडिया टीवी से खास बातचीत में उत्पल पर्रिकर ने दावा किया कि अगर वह चुनाव जीत जाते हैं तब भी भारतीय जनता पार्टी में नहीं जाएंगे। इस अवसर पर उन्होंने बीजेपी प्रत्याशी बाबुश मोनसेरेट पर भी निशाना साधा।

‘जब बाबुश हारेगा तो मेरी जीत होगी’

उत्पल ने यह भी कहा कि गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत भले कह रहे है कि मुझे बीजेपी ने चुनाव लड़ने के लिए 2 या 3 सीट से ऑफर दिया लेकिन हकीकत ऐसी नहीं है। भारतीय जनता पार्टी ने मुझे पणजी सीट नहीं दी जहां से मेरे पिताजी चुनाव जीते थे। उत्पल ने कहा, ‘बीजेपी ने बाबुश जैसे व्यक्ति को टिकट दिया जिसके क्रिमिनल रिकॉर्ड्स हैं। मुझे बाबुश को हराना है और बाबुश हारेगा तो मेरी जीत होगी ये तय है। मुझे जनता का प्यार मिल रहा है। मैं अपने विकास के मुद्दे लेकर जनता के बीच जा रहा हूं।’

‘मेरी लड़ाई सिर्फ बाबुश से है’
उत्पल पर्रिकर ने आगे कहा, ‘इतने साल मैं राजनीति में क्यों नहीं आया, इस सवाल पर मुझे यही कहना है कि अगर पिताजी के निधन के बाद राजनीति में आता, सीट मांगता तो मुझपर परिवारवाद का आरोप लगाया जाता। उस समय मैं अपने कार्यकर्ताओं से मिल रहा था। अब आया हूं तो टिकट क्यों नकारा गया, ये बड़ा सवाल है। मुझे पणजी से जीतना है, यही मेरी इच्छा है और में इसी दिशा में अपना प्रयास कर रहा हूं। यहां मेरी लड़ाई न आम आदमी पार्टी से है, न TMC से और न ही कांग्रेस से। मेरी लड़ाई सिर्फ बाबुश से है।’

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