1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. बिना धोए मास्क पहनने से होता है ब्लैक फंगस? जानें क्या कहना है एक्सपर्ट्स का

बिना धोए मास्क पहनने से होता है ब्लैक फंगस? जानें क्या कहना है एक्सपर्ट्स का

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : May 20, 2021 09:25 pm IST,  Updated : May 20, 2021 10:24 pm IST

कोरोना वायरस के संक्रमण की वजह से देश में ब्लैक फंगस का खतरा बढ़ गया है और कई राज्यों में ब्लैक फंगस ने कई मरीजों की जान ले ली है। दिल्ली में विशेष रूप से ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों के बीच कुछ चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि साफ-सुथरे मास्क का इस्तेमाल नहीं किया जाता है तो यह समस्या हो सकती है।

Experts divided over unhygienic masks being contributing factor for black fungus- India TV Hindi
कोरोना वायरस के संक्रमण की वजह से देश में ब्लैक फंगस का खतरा बढ़ गया है। Image Source : PTI

नयी दिल्ली: कोरोना वायरस के संक्रमण की वजह से देश में ब्लैक फंगस का खतरा बढ़ गया है और कई राज्यों में ब्लैक फंगस ने कई मरीजों की जान ले ली है। दिल्ली में विशेष रूप से ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों के बीच कुछ चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि साफ-सुथरे मास्क का इस्तेमाल नहीं किया जाता और कम हवादार कमरों में रहा जाता है तो यह समस्या हो सकती है, वहीं कुछ विशेषज्ञों के अनुसार इन बातों को प्रमाणित करने के लिए कोई क्लिनिकल साक्ष्य नहीं हैं। 

दिल्ली के अनेक प्रमुख अस्पतालों के डॉक्टरों ने कहा कि वहां ऐसे कई रोगी, कोविड और गैर-कोविड दोनों, आये हैं जो म्यूकरमाइकोसिस या ब्लैक फंगस से संक्रमित थे और जिनका लंबे समय तक बिना धोए मास्क पहनने जैसे कम स्वच्छता वाले तरीकों को अपनाने का इतिहास रहा है। इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल में ईएनटी विशेषज्ञ डॉ सुरेश सिंह नारुका ने कहा कि ब्लैक फंगस की मुख्य वजह स्टेरॉइड का अनुचित तरीके से इस्तेमाल है।

उन्होंने कहा, ‘‘दूसरी बात यह है कि मैं लंबे समय तक बिना धोए मास्क पहनने या कम हवादार कमरों मसलन तलघर में रहने जैसे तरीकों को जिम्मेदार मानता हूं। इसलिए मैं कहूंगा कि दूसरी बात भी म्यूकरमाइकोसिस को पैदा करने का एक कारण हो सकती है।’’ सर गंगाराम अस्पताल के ईएनटी विभाग के अध्यक्ष डॉ अजय स्वरूप ने कहा कि हमारे शरीर में नासिका मार्ग में और नेसोफिरिंजियल क्षेत्र में प्रतीक रूप में म्यूकर होते हैं। 

उन्होंने कहा, ‘‘जब व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है, जैसा कि कोविड के मामले में होता है तो ये म्यूकर बढ़ना शुरू हो जाते हैं और संक्रमण पैदा करते हैं। इसमें नाक से खून रिसना और आंखों में सूजन जैसे लक्षण होते हैं।’’ हालांकि उन्होंने सलाह दी कि लोगों को हड़बड़ी में अस्पतालों में नहीं आना चाहिए और डॉक्टर से राय लेनी चाहिए।

ये भी पढ़ें

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत