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किसी भी राज्य के चुनाव में किसी भी दल से गठबंधन अब नहीं: मायावती

 Written By: India TV News Desk
 Published : May 11, 2016 06:43 pm IST,  Updated : May 11, 2016 06:43 pm IST

बसपा सुप्रीमो मायावती ने बुधवार को स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी किसी भी राज्य के आने वाले विधानसभा चुनाव में किसी अन्य दल के साथ चुनावी गठबंधन या समझौता नहीं करेगी।

Mayawati
- India TV Hindi
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लखनऊ: बसपा सुप्रीमो मायावती ने बुधवार को स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी किसी भी राज्य के आने वाले विधानसभा चुनाव में किसी अन्य दल के साथ चुनावी गठबंधन या समझौता नहीं करेगी। मायावती के हवाले से एक विज्ञप्ति में कहा गया, उत्तर प्रदेश के साथ-साथ उत्तराखंड व पंजाब राज्य में होने वाले अगले विधानसभा चुनाव में बसपा अपने बलबूते पर पूरी तैयारी के साथ चुनाव लड़कर मास्टर चाबी खुद अपने हाथों में लेने का प्रयास करेगी।

उन्होंने कहा कि चुनाव चाहे लोकसभा का हो या राज्यों में विधानसभा का, बसपा के लिए यह मामला पार्टी के सिद्धांत व विचारधारा से जुड़ा हुआ है। बसपा एक राजनीतिक पार्टी के साथ-साथ सामाजिक आंदोलन भी है। बसपा प्रमुख ने कहा कि बसपा अपने आंदोलन को आगे बढ़ाने के मिशनरी लक्ष्य को ध्यान में रखकर ही चुनाव लड़ती है। यही कारण है कि जिन राज्यों में पार्टी का संगठन मज़बूत नहीं है और जहां जनाधार भी ज़्यादा नहीं बढ़ा है, वहां भी बसपा अपने बलबूते चुनाव लड़कर आत्म-विश्वास पैदा करके आगे बढ़ने का प्रयास करती है। पश्चिम बंगाल, केरल व तमिलनाडु में बसपा बिना किसी पार्टी के साथ समझौता किए अकेले बलबूते पर चुनाव लड़ रही है।

मायावती ने कहा कि साम्प्रदायिक ताकतों को कमज़ोर करने के मुख्य उद्देश्य के तहत ही बसपा ने उत्तराखंड विधानसभा में शक्ति परीक्षण के दौरान कांग्रेस का समर्थन किया है और यह चर्चा सरासर गलत व निराधार है कि बसपा आने वाले विधानसभा चुनाव में वहां कोई चुनावी गठबंधन या समझौता कर सकती है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में तो हमारी पार्टी काफी मजबूत है व जनाधार भी काफी ज्यादा बढ़ा है इसलिए इन राज्यों में तो किसी अन्य पार्टी के साथ चुनावी गठबंधन या समझौता करने का सवाल ही पैदा नहीं होता।

मायावती ने कहा कि विरोधी पार्टियां खासकर कांग्रेस व भाजपा की विचारधारा बसपा से बिल्कुल अलग है। ये दोनों ही पार्टियां बड़े-बड़े पूंजीपतियों को संरक्षण देती हैं जबकि बसपा सर्वसमाज के गरीबों व यहां की जातिवादी व्यवस्था से पीड़ित लोगों की पार्टी है, जिसकी विचारधारा सर्वजन हिताय व सर्वजन सुखाय पर आधारित है।

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