श्रीनगर में जून में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रगान बजते समय खड़े नहीं होने पर 14 लोगों को गिरफ्तार होने की खबरें सामने आई थीं। हालांकि श्रीनगर पुलिस ने इस खबर को गलत बताते हुए इसका खंडन किया है। एक ट्वीट में श्रीनगर पुलिस ने कहा, 'एक असत्यापित खबर चल रही है कि राष्ट्रगान का अपमान करने के आरोप में 14 पुलिसकर्मियों/व्यक्तियों को गिरफ्तार/निलंबित कर दिया गया है। यह स्पष्ट किया जाता है कि यह खबर पूरी तरह से झूठी है। 12 व्यक्तियों को सीआरपीसी की धारा 107/151 के तहत आचरण सही के लिए कहा गया है।'
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25 जून के कार्यक्रम में राष्ट्रगान पर नहीं हुए थे खड़े
अधिकारियों ने बताया कि जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा 25 जून को आयोजित ‘पेडल फॉर पीस’ साइकलिंग कार्यक्रम के समापन समारोह के दौरान राष्ट्रगान बजाया गया लेकिन उस दौरान कुछ लोग खड़े नहीं हुए। अधिकारियों ने बताया कि जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने राष्ट्रगान का ‘‘अपमान’’ किए जाने पर कड़ा रुख अपनाया और कथित उल्लंघन की जांच शुरू की। इस कार्यक्रम में जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा भी मौजूद थे।
केंद्रीय कारागार में भेजे गए 14 गिरफ्तार
पीटीआई की रिपोर्ट्स के मुताबिक, दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धाराओं 107 और 151 के तहत 14 लोगों को गिरफ्तार किया गया। हालांकि बाद में श्रीनगर पुलिस ने साफ किया कि ऐसा कुछ नहीं है और किसी को भी गिरफ्तार नहीं किया गया है। पहले खबरें आई थीं कि गिरफ्तार किए गए सभी लोगों को यहां केंद्रीय कारागार में भेजा गया है।
(इनपुट- PTI)
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