1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. Big Challenge: विनिवेश लक्ष्‍य पूरा करने के लिए सरकार को 5 महीने में जुटाने होंगे 56,900 करोड़ रुपए

Big Challenge: विनिवेश लक्ष्‍य पूरा करने के लिए सरकार को 5 महीने में जुटाने होंगे 56,900 करोड़ रुपए

 Written By: Shubham Shankdhar
 Published : Oct 28, 2015 05:17 pm IST,  Updated : Oct 28, 2015 06:05 pm IST

सरकार ने चालू वित्‍त वर्ष के दौरान विनिवेश के जरिये 69,500 करोड़ रुपए जुटाने का लक्ष्‍य रखा है। सरकार अभी तक केवल 12,600 करोड़ रुपए ही जुटा पाई है।

Big Challenge: विनिवेश लक्ष्‍य पूरा करने के लिए सरकार को 5 महीने में जुटाने होंगे 56,900 करोड़ रुपए- India TV Hindi
Big Challenge: विनिवेश लक्ष्‍य पूरा करने के लिए सरकार को 5 महीने में जुटाने होंगे 56,900 करोड़ रुपए

नई दिल्‍ली। सरकार ने चालू वित्‍त वर्ष के दौरान सरकारी कंपनियों में विनिवेश के जरिये 69,500 करोड़ रुपए जुटाने का लक्ष्‍य रखा है। पहले सात माह निकल चुके हैं और सरकार अभी तक चार कंपनियों में हिस्‍सेदारी बेचकर केवल 12,600 करोड़ रुपए ही जुटा पाई है। विनिवेश लक्ष्‍य हासिल करने के लिए सरकार के पास अब केवल पांच माह का समय बचा है। इन पांच माह में सरकार को 56,900 करोड़ रुपए और जुटाने हैं, जो कि एक बड़ी चुनौती है।

क्‍या है सरकार की रणनीति

सरकार ने चालू वित्त वर्ष में विनिवेश से 69,500 करोड़ रुपए जुटाने का लक्ष्य रखा है। इसमें से 41,000 करोड़ रुपए सार्वजनिक उपक्रमों में अल्पांश हिस्सेदारी बेचने से और 28,500 करोड़ रुपए रणनीतिक हिस्सेदारी बिक्री से जुटाने की योजना है।

छह माह में बाजार से जुटाए गए 17,550 करोड़ रुपए

बाजार के आंकड़ों के मुताबिक चालू वित्‍त वर्ष की पहली छमाही में शेयर बाजार से कुल 17,550 करोड़ रुपए की राशि जुटाई गई है। इसमें से 12,600 करोड़ रुपए की राशि सरकार ने चार कंपनियों पीएफसी, आरईसी, आईओसी और ड्रेजिंग कॉर्प में हिस्‍सेदारी बेचकर जुटाई है, जबकि शेष 4,950 करोड़ रुपए की राशि निजी क्षेत्र की कंपनियों ने आईपीओ के जरिये जुटाई गई है।

Graph Graph

बोनस की गणना के लिए मासिक वेतन की सीमा दोगुनी, इंडस्ट्रियल वर्कर्स को होगा फायदा

वित्‍त मंत्री ने माना विनिवेश लक्ष्‍य है चुनौती

वित्त मंत्री अरुण जेटली ने चालू वित्त वर्ष में विनिवेश के लक्ष्य में चुनौती की बात स्वीकार की है। उन्‍होंने कहा कि विनिवेश लक्ष्‍य में कमी रहने पर भी राजकोषीय घाटे को कम करने के लक्ष्य पर असर नहीं पड़ेगा। जेटली ने कहा कि राजकोषीय घाटे को जीडीपी के 3.9 फीसदी तक सीमित रखने के लक्ष्‍य को हासिल करने में कोई कठिनाई नहीं होगी। उन्‍होंने कहा कि विनिवेश की चुनौती मुख्‍यरूप से वैश्विक समस्‍याओं के कारण है।

इन कंपनियों में बिकनी है हिस्‍सेदारी

मोदी सरकार ने विनिवेश लक्ष्‍य हासिल करने के लिए नाल्‍को, एनएमडीसी, ऑइल इंडिया लिमिटेड, एनटीपीसी, भेल, ओएनजीसी और कोल इंडिया में अतिरिक्‍त 10 फीसदी हिस्‍सेदारी बिक्री को अपनी मंजूरी पहले ही दे दी है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा