Tuesday, February 17, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. धर्म
  3. त्योहार
  4. Sheetla Ashtami 2025: शीतला अष्टमी या बसौड़ा कब है? जानें इस दिन देवी मां को बासी खाना का भोग क्यों चढ़ाया जाता है?

Sheetla Ashtami 2025: शीतला अष्टमी या बसौड़ा कब है? जानें इस दिन देवी मां को बासी खाना का भोग क्यों चढ़ाया जाता है?

Written By: Vineeta Mandal Published : Mar 15, 2025 10:24 pm IST, Updated : Mar 15, 2025 10:24 pm IST

Sheetla Ashtami 2025 Or Basoda Kab hai: शीतला अष्टमी के दिन विधि-विधान के साथ मां की पूजा करने से निरोगी और स्वस्थ जीवन का आशीर्वाद मिलता है। इस व्रत को करने से चेचक और अन्य गंभीर बीमारियों से मुक्ति मिलती हैं।

शीतला अष्टमी 2025- India TV Hindi
Image Source : INDIA TV शीतला अष्टमी 2025

Sheetla Ashtami 2025: होली के बाद चैत्र कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को शीतला अष्टमी का व्रत किया जाता है। इस दिन माता शीतला की पूजा करने और बासी भोजन खाने की परंपरा है। साथ ही शीतला अष्टमी के दिन देवी मां को भी बासी भोजन का ही भोग लगाया जाता है। इसीलिए इसे स्थानीय भाषा में बासौड़ा, बूढ़ा बसौड़ा या बसियौरा नामों से भी जाना जाता है। शीतला अष्टमी विशेष तौर पर मालवा, निमाड़, राजस्थान और हरियाणा के कुछ क्षेत्रों में मनाया जाता है। तो आइए जानते हैं कि इस साल शीतला अष्टमी कब मनाई जाएगी। साथ ही जानेंगे कि इस दिन माता रानी को बासी भोजन का भोग क्यों लगाया जाता है। 

शीतला अष्टमी या बसौड़ा डेट और पूजा मुहूर्त

इस साल शीतला अष्टमी या बसौड़ा का त्यौहार 22 मार्च 2025 को मनाया जाएगा। पंचांग के अनुसार, चैत्र कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि का प्रारंभ 22 मार्च को सुबह 4 बजकर 23 मिनट पर होगा। अष्टमी तिथि समाप्त 23 मार्च को सुबह 5 बजकर 23 मिनट पर होगा। शीतला अष्टमी पूजा मुहूर्त सुबह 6 बजकर 41 मिनट से शाम 6 बजकर 50 मिनट तक रहेगा। शीतला माता की पूजा अर्चना करने से जातक की समस्त मनोकामनाएं अतिशीघ्र पूर्ण होती हैं। इसके अलावा चेचक आदि से भी माता रानी छुटकारा दिलाती हैं।

शीतला अष्टमी के दिन देवी मां को बासी भोजन का भोग क्यों लगाया जाता है?

माता शीतला को शीतल चीजें अति प्रिय हैं इसलिए देवी मां को बासी भोजन का भोग लगाया जाता है। शीतला माता को मुख्य रूप चावल और घी का भोग ही लगाया जाता है। मगर चावल को शीतलाष्टमी के दिन नहीं पकाया जाता है, बल्कि सप्तमी तिथि के दिन ही बनाकर रख लिया जाता है। धार्मिक मान्यता है कि शीतला अष्टमी के दिन घर का चूल्हा नहीं जलाना चाहिए और न ही घर में खाना बनाना चाहिए, इसलिए सप्तमी तिथि पर ही सारा खाना और भोग बना लिया जाता है। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

ये भी पढ़ें-

Sankashti Chaturthi 2025: चैत्र माह की संकष्टी चतुर्थी कब है? यहां जानें सही डेट, मुहूर्त और चंद्रोदय का समय

Rang Panchami 2025: मार्च में कब मनाई जाएगी रंग पंचमी? यहां देखें सही डेट और पूजा मुहूर्त

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Festivals से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें धर्म

Advertisement
Advertisement
Advertisement