लगातार तीन जीत के बाद आत्मविश्वास से भरी भारतीय टीम सेमीफाइनल में जगह बनाने के इरादे से बुधवार को आईसीसी महिला विश्व कप में श्रीलंका से भिड़ेगी। श्रीलंका को कमज़ोर टीम माना जा रहा है।
जिस तरह टीम शानदार लय में चल रही है उसे देखते हुए श्रीलंका के खिलाफ उसे प्रबल दावेदार मना जा सकता है। श्रीलंका की टीम का प्रदर्शन अब तक बेहद निरशाजनक रहा है और उसने टूर्नामेंट में अपने तीनों मैच हारे हैं। दूसरी तरफ भारत ने अपनी पिछली चार वनडे अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीती हैं। टीम ने इस दौरान घरेलू सरजमीं पर श्रीलंका और वेस्टइंडीज का हराया और फिर दक्षिण अफ्रीका को विश्व कप क्वालीफायर और चतुष्कोणीय सीरीज के फाइनल में शिकस्त दी।
भारत ने पहले मैच में मेजबान इंग्लैंड को 35 रन से हराकर बेहतरीन शुरुआत की थी और फिर वेस्टइंडीज के ख़िलाफ ये फॉर्म जारी रखते हुए उसे सात विकेट से हराया था। पाकिस्तान के खिलाफ पिछले मैच में 95 रन की जीत के बाद तो अब टीम का मनोबल सातवें आसमान पर है। भारत के तीन मैचों में छह अंक के साथ टॉप पर है।
गेंदबाजों का शानदार प्रदर्शन
पहले दो मैचों में बल्लेबाजों के प्रभावी प्रदर्शन के बाद पाकिस्तान के खिलाफ पिछले मैच में गेंदबाज़ो ने भी दमख़म दिखाया। बायें हाथ की स्पिनर एकता बिष्ट ने दस ओवर में 18 रन देकर पांच विकेट चटकाते हुए विरोधी टीम को 38.1 ओवर में 74 रन पर समेटने में अहम भूमिका निभाई। बीच के ओवरों में दीप्ति शर्मा ने कसी हुई गेंदबाजी की। पूनम यादव और हरमनप्रीत कौर ने भी अच्छा प्रदर्शन किया है। वनडे इतिहास की सबसे सफल गेंदबाज झूलन गोस्वामी अब तक उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई हैं, लेकिन एक बार फिर भारतीय गेंदबाजी आक्रमण की अगुआई करेंगी। बल्लेबाजी में सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना बेहतरीन फॉर्म में चल रही हैं। कप्तान मिताली राज और पूनम राउत ने भी प्रभावशाली प्रदर्शन किया है।
श्रीलंका को है पहली जीत का इंतज़ार
दूसरी तरफ श्रीलंका को पहली जीत का इंतजार है। टीम को पहले मैच में न्यूजीलैंड के खिलाफ नौ विकेट, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आठ विकेट और इंग्लैंड के खिलाफ सात विकेट से हार का सामना करना पड़ा है। श्रीलंका को बल्लेबाजी में सबसे अधिक उम्मीदें चामरी अटापट्टू से है। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ 53, जबकि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नाबाद 178 रन की पारी खेली, लेकिन अपनी टीम को जीत नहीं दिला सकीं। वह टूर्नामेंट में 200 रन के आंकड़े को पार करने वाली एकमात्र बल्लेबाज हैं।