1. Hindi News
  2. उत्तर प्रदेश
  3. अलीगंज अग्निकांड: अनामिका-नीलेश बनने वाले थे दूल्हा-दुल्हन, एक साथ उठी अर्थी, हादसे की दुखद कहानी

अलीगंज अग्निकांड: अनामिका-नीलेश बनने वाले थे दूल्हा-दुल्हन, एक साथ उठी अर्थी, हादसे की दुखद कहानी

 Reported By: Vishal Singh Edited By: Kajal Kumari
 Published : Jun 23, 2026 02:08 pm IST,  Updated : Jun 23, 2026 02:11 pm IST

लखनऊ के अलीगंज अग्निकांड में 15 लोगों की जलकर मौत हो गई। इस हादसे की सबसे दुखद कहानी सामने आई है, जिसमें अनामिका और नीलेश, जिनकी शादी होने वाली थी। इन दोनों की भी जलकर मौत हो गई। पढ़ें पूरी कहानी....

नीलेश और अनामिका- India TV Hindi
नीलेश और अनामिका

लखनऊ के अलीगंज अग्निकांड हादसे की सबसे दुखद कहानी सामने आई है, जिसमें जान गंवाने वाले नीलेश की इसी दिसंबर में अनामिका से शादी होने वाली थी। अनामिका उसी बिल्डिंग में काम करती थी, जहां हुए अग्निकांड में 15 लोगों की जलकर मौत हो गई। अनामिका और नीलेश की भी इस हादसे मं एक साथ जल गए  और दोनों की दर्दनाक मौत हो गई। निलेश के भाई अभिषेक का कहना है कि जो लोग भी हादसे के दोषी हैं, उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।

नीलेश के भाई ने क्या बताया?

नीलेश और अनामिका की कुछ दिनों पहले ही शादी तय हो गई थी और दोनों के परिवार शादी की तैयारी में लगे थे, लेकिन ऐसा भी दिन आएगा, ये किसी ने सपने में नहीं सोचा था। अभिषेक ने कहा, अगर ये बिल्डिंग 2016 में ही सीन हो गई होती तो शायद इतना बड़ा नुकसान नहीं होता और मेरा भाई आज जीवित होता। हम लोग चाहते हैं कि प्रशासन इस मामले में कड़ी कार्रवाई करे। 

नीलेश और अनामिका की दुखद कहानी
हादसे में 15 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसे की कई खौफनाक कहानियों में से एक कहानी नीलेश और अनामिका की उस ज़िंदगी की थी जो बस शुरू ही होने वाली थी। 27 साल के नीलेश कुमार और 30 साल की अनामिका सामंत के परिवारों ने हाल ही में इनकी शादी के लिए औपचारिक बातचीत शुरू की थी और दोनों की शादी तय की गई थी। नीलेश के परिवार के लिए सोमवार का दिन भी आम दिनों की तरह ही शुरू हुआ था। नीलेश सुबह काम पर निकला था, लेकिन नीलेश के घर उसकी और अनामिका के घर उसकी लाश पहुंची।

नीलेश के पिता ने क्या उठाए सवाल?

नीलेश के पिता, शत्रुहन लाल बेटे की मौत से बिल्कुल टूट चुके हैं। नाराजगी और दुख उनके चेहरे से झलक रहा है। बेटे के खोने का दर्द बयां करते हुए उन्होंने प्रशासन और सरकार से तीखा सवाल पूछा कि क्या कोई सरकारी कार्रवाई इस घटना की भरपाई कर सकती है। उन्होंने कहा, "मेरा बेटा हमेशा खुशी-खुशी घर से निकलता था; मैंने कभी नहीं सोचा था कि कल उसे आखिरी बार देखूंगा। कल की वह आखिरी तस्वीर अब हमेशा मेरी आंखों के सामने रहेगी।"

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। उत्तर प्रदेश से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।