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Umesh Pal Murder: अतीक अहमद के बेटे की जमानत याचिका खारिज, कोर्ट ने कहा- वह माफिया बनने की राह पर...

 Written By: Avinash Rai
 Published : Mar 03, 2023 06:32 pm IST,  Updated : Mar 03, 2023 06:32 pm IST

जस्टिस दिनेश कुमार ने अली अहमद की जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने इस बाबत कहा कि उमेश पाल हत्याकांड में अली का नाम सामने आया है। कोर्ट ने कहा कि वह माफिया बनने की राह पर अग्रसर है।

Umesh Pal Murder Case Bail application of Atique Ahmed son rejected Court said he is on the way to b- India TV Hindi
अतीक अहमद के बेटे की जमानत अर्जी खारिज Image Source : INDIA TV

Umesh Pal Murder Case: राजू पाल हत्याकांड के इकलौते गवाह उमेश पाल की प्रयागराज के धूमनगंज इलाके में हत्या कर दी गई। इस हत्याकांड के आरोपी बाहुबली अतीक अहमद व उनके बेटे अली अहमद की हत्या के प्रयास और फिरौती के एक मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जमानत अर्जी खारिज कर दी है। जस्टिस दिनेश कुमार ने अली अहमद की जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने इस बाबत कहा कि उमेश पाल हत्याकांड में अली का नाम सामने आया है। कोर्ट ने कहा कि वह माफिया बनने की राह पर अग्रसर है। ऐसे में उसे जमानत पर रिहा करना गवाहों और समाज के लिए खतरा है।

अतीक का पूरा परिवार हत्याकांड का आरोपी

कोर्ट ने इस बाबत आगे कहा कि याचिकाकर्ता ऐसे कुख्यात अपराधी और बाहुबली माफिया का बेटा है जिसपर 100 से अधिक हत्याओं, अपहरण, फिरौती, संपत्ति पर कब्जे के मामले दर्ज हैं। हाल ही में राजू पाल हत्याकांड के इकलौते गवाह उमेश पाल की हत्याकांड में याचिकाकर्ता का नाम सामने आया है। अली पर तीन अपराधिक मामले दर्ज हैं। गौरतलब है कि राजू पाल हत्याकांड में तीन अन्य लोग मारे गए थे। ऐसे में याचिकाकर्ता को जमानत पर रिहा करना ठीक नहीं होगा। बता दें कि उमेश पाल हत्याकांड में अतीक अहमद का पूरा परिवार आरोपी है।

पुलिस कस्टडी में नहीं है अतीक के बेटे

धूमनगंज पुलिस ने प्रयागराज के सीजेएम दिनेश कुमार गौतम की कोर्ट में रिपोर्ट पेश की। इसके मुताबिक ऐजान अहमद और अबान अहमद (अतीक के दो बेटे) के नाम वाला कोई भी व्यक्ति पुलिस हिरासत में नहीं है। न तो ऐसे नाम वाले व्यक्ति पुलिस की सामान्य डायरी (जीडी) में दर्ज हैं और न ही उन्हें पुलिस हिरासत में रखा गया है। रिपोर्ट में यह स्पष्ट किया गया कि इस संबंध में विवरण उपलब्ध नहीं है। शाइस्ता परवीन द्वारा दायर एक आवेदन के जवाब में कोर्ट ने 28 फरवरी को धूमनगंज पुलिस से रिपोर्ट मांगी थी।

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